Wednesday, May 15, 2024
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महाराष्ट्र में गरजे केसीआर, बोले- किसानों पर कोई ध्यान नहीं, देश में बस भाषण दिया जा रहा

मुंबई। छत्रपति शिवाजी महाराज की उपलब्धियों को याद करते हुए तेलंगाना के मुख्यमंत्री और भारत राष्ट्र समिति (बीआरएस) के अध्यक्ष के. चंद्रशेखर राव ने रविवार को कहा कि उनकी पार्टी पूर्व मराठा शासक की जन्मस्थली शिवनेरी में, किसानों के कल्याण के लिए देश में सरकार बनाने का संकल्प लेगी। तेलंगाना के बाहर नांदेड़ में भारत राष्ट्र समिति की पहली जनसभा को संबोधित करते हुए उन्होंने कहा कि 10 दिनों के भीतर बीआरएस की गाड़ियां महाराष्ट्र के सभी 288 विधानसभा क्षेत्रों के हर गांव में जाकर किसान समितियां गठित करेंगी। राव को ‘केसीआर’ के नाम से भी जाना जाता है। उन्होंने कहा, ‘‘हम छत्रपति शिवाजी महाराज की जन्मस्थली शिवनेरी जाएंगे, माथा टेकेंगे और किसानों की सरकार बनाने की शपथ लेंगे। पूरे महाराष्ट्र में किसान समितियां बनाने की प्रक्रिया शुरू होगी।” विभिन्न राजनीतिक दलों से संबंधित नेता बीआरएस में शामिल हुए और केसीआर ने गुलाबी स्कार्फ भेंट करके उनका स्वागत किया।

राव ने कहा, ‘‘अगले कुछ दिनों में महाराष्ट्र में बीआरएस पार्टी का काम शुरू हो जाएगा। आठ से 10 दिन के अंदर बीआरएस की गाड़ियां महाराष्ट्र के गांव में आ जाएंगी। समितियों का गठन होगा। महाराष्ट्र में किसानों को एकजुट करने के लिए सभी 288 विधानसभा क्षेत्रों में 288 वाहन एक साथ गुजरेंगे।” राव ने कहा, ‘‘मैं आपसे (किसानों) एकजुट होने का अनुरोध करता हूं। मैं पश्चिमी महाराष्ट्र, विदर्भ और उत्तर महाराष्ट्र का भी दौरा करूंगा।” राव ने कहा कि देश में सबसे ज्यादा किसानों की आत्महत्या के मामले महाराष्ट्र में दर्ज किए गए हैं। राव ने कहा कि किसानों के देश की बागडोर संभालने का समय आ गया है। उन्होंने कहा कि राजनीतिक दल और नेता चुनावों में जीत रहे हैं, लेकिन लोग हार रहे हैं। राव ने कहा कि जब अगला चुनाव होगा, लोगों और किसानों को जीतना चाहिए क्योंकि इससे ‘‘हमारी समस्याओं” का समाधान होगा। राव ने कहा, ‘‘इसलिए बीआरएस का नारा है ‘अबकी बार, किसान सरकार।’ अगर हम एक हो जाएं तो यह नामुमकिन नहीं है। हमारे देश में किसानों की संख्या 42 प्रतिशत से अधिक है और यदि इसमें खेतिहर मजदूरों की संख्या भी जोड़ दी जाए, तो यह 50 प्रतिशत से अधिक होगी, जो सरकार बनाने के लिए पर्याप्त है।” उन्होंने कहा, ‘‘भारत बुद्धिजीवियों का देश है, मूर्खों का नहीं। जब देश में (1975 में) आपातकाल लगाया गया था, उस दौरान ‘लोकनायक’ जयप्रकाश नारायण (समाजवादी नेता) के आह्वान पर पूरा देश एकजुट हो गया और उस समय के महान नेताओं को खारिज कर दिया।” उन्होंने कहा, ‘‘अब समय आ गया है। 75 साल एक लंबी अवधि है। किसानों को भी नियम बनाने में सक्षम होना चाहिए।” उन्होंने सवाल किया, ‘‘महाराष्ट्र में कृष्णा और गोदावरी जैसी कई नदियां बहती हैं। फिर भी महाराष्ट्र में पानी की किल्लत क्यों है।”

राव ने कहा, ‘‘महाराष्ट्र में पानी की कमी क्यों है? इसके लिए कौन जिम्मेदार है? इस पर विचार करें। देश में कांग्रेस ने 54 साल और भाजपा ने 16 साल शासन किया।” उन्होंने कहा, ‘‘ये दोनों दल कसूरवार हैं। मैं चाहता हूं कि किसानों की आत्महत्या रुके। अगर किसानों की सरकार बनती है, तो पानी की समस्या दूर हो जाएगी।” भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) नीत राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन (राजग) सरकार की ‘मेक इन इंडिया’ पहल पर राव ने कहा कि यह ‘जोक इन इंडिया’ कार्यक्रम बन गया है।

राव ने कहा, ‘‘(देश में) हर गली में चीनी सामानों के बाजार हैं। कहां गया मेक इन इंडिया? चीन के बाजार क्यों? भारत बाजार होना चाहिए। देश में क्या हो रहा है? इस पर विचार करें।” उन्होंने कहा कि अगर बीआरएस सत्ता में आती है, तो तेलंगाना सरकार की दलित कल्याण योजना ‘दलित बंधु’ (प्रत्येक परिवार को 10 लाख रुपये का अनुदान) और तेलंगाना की ‘रायतु बंधु’ (किसानों के कल्याण के लिए) योजना को पूरे देश में लागू किया जाएगा। राव ने कहा, ‘‘देश की स्थिति जानने के बाद हमने राष्ट्रीय स्तर पर काम करने का निर्णय लिया। बीआरएस पार्टी का गठन हाल में हुआ है। हमें पूरे देश से समर्थन मिल रहा है।” राव ने कहा कि देश की आजादी के 75 साल बाद भी और इतनी सारी सरकारों और प्रधानमंत्रियों और मुख्यमंत्रियों के बाद भी देश पेयजल की समस्या, सिंचाई संकट और बिजली की कमी का सामना कर रहा है

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