
झांसी, उत्तर प्रदेश। जिलाधिकारी गौरांग राठी के मार्गदर्शन में विकसित भारत रोजगार एवं आजीविका मिशन (ग्रामीण) अधिनियम-2025 के प्रति त्रिस्तरीय पंचायती राज संस्थाओं के निर्वाचित प्रतिनिधियों, अधिकारियों एवं कर्मचारियों को संवेदनशील बनाने के उद्देश्य से बुधवार को विकास भवन स्थित सभागार में जिला स्तरीय पंच सम्मेलन का आयोजन किया गया।सम्मेलन में विधान परिषद सदस्य श्रीमती रमा निरंजन, चिरगांव ब्लॉक प्रमुख, प्रबुद्धजन, जनप्रतिनिधियों, पंचायती राज संस्थाओं के निर्वाचित प्रतिनिधियों तथा विभिन्न विभागों के अधिकारियों और कर्मचारियों ने सहभागिता की। कार्यक्रम के दौरान 2VB-GRAM G अधिनियम-2025 के विजन, उद्देश्यों और ग्राम विकास में इसकी भूमिका पर विस्तार से चर्चा की गई। प्रतिभागियों से अधिनियम के प्रभावी क्रियान्वयन को लेकर सुझाव भी आमंत्रित किए गए। सम्मेलन में जनहित में निर्मित परिसंपत्तियों के नियमित रखरखाव और संरक्षण पर विशेष जोर देते हुए उन्हें लंबे समय तक उपयोगी बनाए रखने की आवश्यकता पर बल दिया गया। जिलाधिकारी ने कहा कि ग्रामीण विकास योजनाओं के सफल क्रियान्वयन के लिए जनप्रतिनिधियों और अधिकारियों के बीच बेहतर समन्वय तथा जनभागीदारी अत्यंत आवश्यक है। सम्मेलन का उद्देश्य अधिनियम की जानकारी को जमीनी स्तर तक पहुंचाना और पंचायतों को अधिक सशक्त एवं जवाबदेह बनाना है।

