
मुंबई। मुंबई में बृहन्मुंबई महानगर पालिका के जी-दक्षिण विभाग द्वारा वर्ष 2026-27 की भारत की जनगणना 2027 को सफलतापूर्वक संपन्न कराने हेतु जनगणना मास्टर प्रशिक्षक, फील्ड प्रशिक्षक, सुपरवाइजर एवं प्रगणकों के लिए तीन चरणों में व्यापक प्रशिक्षण कार्यक्रम आयोजित किया गया। कार्यक्रम का शुभारंभ सहायक आयुक्त एवं विभाग जनगणना अधिकारी श्रीमती स्वप्नजा क्षिरसागर तथा स्वास्थ्य चिकित्सा अधिकारी एवं चार्ज जनगणना अधिकारी डॉ. विरेंद्र वी. मोहिते द्वारा दीप प्रज्ज्वलन के साथ किया गया। प्रशिक्षण के प्रथम सत्र 23, 24 और 25 अप्रैल, द्वितीय सत्र 27, 28 और 29 अप्रैल तथा तृतीय और अंतिम सत्र 4, 5 और 6 मई 2026 को आयोजित किए गए, जिनमें अंतिम सत्र ग्लोब मिल मनपा शाला, लोअर परेल में संपन्न हुआ। प्रत्येक सत्र में 200 सुपरवाइजर एवं प्रगणकों को प्रशिक्षित किया गया, इस प्रकार कुल 600 प्रशिक्षणार्थियों को तैयार किया गया। जनगणना प्रक्रिया के अनुसार महाराष्ट्र में पहला चरण ‘स्व-गणना’ 1 मई से 15 मई तक रखा गया है, जिसमें नागरिक स्वयं अपनी जानकारी दर्ज करेंगे, जबकि 16 मई से 14 जून तक घर-घर जाकर प्रगणक एवं सुपरवाइजर की निगरानी में गणना कार्य किया जाएगा। यह प्रशिक्षण सहायक आयुक्त स्वप्नजा क्षिरसागर, डॉ. विरेंद्र मोहिते तथा अतिरिक्त चार्ज जनगणना अधिकारी राजेश यादव के मार्गदर्शन में आयोजित किया गया, जिसमें जनगणना सहायक के रूप में डॉ. अमोल दर्रोई, डॉ. मनीष शार्दुल और समाज विकास अधिकारी राजेश सुरवाडे की नियुक्ति की गई। मास्टर ट्रेनर के रूप में गौरव श्रीवास्तव तथा फील्ड प्रशिक्षकों के रूप में प्रीती चौधरी, अमित शिंदे, सविता बोडके, किरण पवार, सुमित्रा एमगेकर सहित अन्य प्रशिक्षकों ने प्रशिक्षण प्रदान किया। अधिकारियों ने जी-दक्षिण विभाग के नागरिकों से अपील की कि वे इस राष्ट्रीय कार्य में सक्रिय सहयोग करें, जनगणना कर्मियों का सम्मान करते हुए सही एवं शांतिपूर्वक जानकारी प्रदान करें और एक जिम्मेदार नागरिक के रूप में अपने कर्तव्यों का निर्वहन करें।




