
गोरखपुर। उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने गोरखपुर प्रवास के दौरान अधिकारियों को सख्त चेतावनी देते हुए कहा है कि किसी भी व्यक्ति की जमीन पर यदि दबंग या भूमाफिया ने कब्जा किया है तो उसे तत्काल कब्जामुक्त कराया जाए। उन्होंने स्पष्ट शब्दों में कहा कि दूसरों की जमीन हड़पने वालों, कमजोरों को उजाड़ने वालों और भूमाफिया के खिलाफ कठोर कानूनी कार्रवाई की जाए और ऐसा सबक सिखाया जाए कि भविष्य में कोई इस तरह का दुस्साहस न कर सके। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ बुधवार को गोरखनाथ मंदिर परिसर में आयोजित जनता दर्शन कार्यक्रम में लोगों की समस्याएं सुन रहे थे। महंत दिग्विजयनाथ स्मृति भवन में मुख्यमंत्री स्वयं कुर्सियों पर बैठे लोगों के पास पहुंचे और करीब 150 फरियादियों से एक-एक कर मुलाकात की। उन्होंने सभी को आश्वस्त किया कि उनके रहते किसी के साथ अन्याय नहीं होने दिया जाएगा और हर पीड़ित को न्याय मिलेगा। मुख्यमंत्री ने जनता दर्शन में प्राप्त सभी प्रार्थना पत्रों को संबंधित अधिकारियों को संदर्भित करते हुए त्वरित, पारदर्शी और संतोषजनक निस्तारण के निर्देश दिए। जमीन पर अवैध कब्जे से जुड़ी शिकायत पर उन्होंने मौके पर मौजूद प्रशासन और पुलिस अधिकारियों को फौरन कार्रवाई के आदेश दिए। उन्होंने कहा कि न सिर्फ जमीन को कब्जामुक्त कराया जाए, बल्कि यह भी सुनिश्चित किया जाए कि भविष्य में कोई दबंग दोबारा कब्जा न कर सके। जनता दर्शन में महिलाओं से जुड़ी पारिवारिक और ससुराल पक्ष के विवादों की शिकायतें भी सामने आईं। मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को निर्देश दिया कि दोनों पक्षों से संवाद स्थापित कर समस्या का समाधान कराया जाए। यदि समझौता संभव न हो, तो विधिसम्मत कार्रवाई की जाए। उन्होंने राजस्व और पुलिस से जुड़े मामलों में निष्पक्षता और संवेदनशीलता बरतने पर विशेष जोर दिया। इलाज के लिए आर्थिक सहायता मांगने आए लोगों को मुख्यमंत्री ने भरोसा दिलाया कि सरकार उनके इलाज में भरपूर मदद करेगी। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिया कि इलाज से संबंधित इस्टीमेट की प्रक्रिया शीघ्र पूरी कर शासन को भेजी जाए, ताकि इलाज की राशि सीधे अस्पताल के खाते में भेजी जा सके। गोरखनाथ मंदिर प्रवास के दौरान मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की दिनचर्या परंपरागत रही। उन्होंने प्रातःकाल महायोगी गुरु गोरखनाथ का दर्शन-पूजन किया और अपने गुरु ब्रह्मलीन महंत अवेद्यनाथ की समाधि पर मत्था टेका। इसके बाद वे गोशाला पहुंचे, जहां उन्होंने कुछ समय गोसेवा में बिताया। मंदिर परिसर के भ्रमण के दौरान मुख्यमंत्री की नजर वहां आए बच्चों पर पड़ी तो उन्होंने बच्चों को पास बुलाकर उनका हालचाल जाना, पढ़ाई के बारे में पूछा और स्नेहपूर्वक कहा- खूब पढ़ो, खूब आगे बढ़ो। मुख्यमंत्री ने बच्चों को अपने हाथों से मिष्ठान्न वितरित किया और दो छोटे बच्चों को गोद में लेकर उनका अन्नप्राशन संस्कार भी कराया। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने दोहराया कि प्रदेश सरकार का लक्ष्य है कि हर नागरिक को न्याय मिले, कोई भी अन्याय का शिकार न हो और हर व्यक्ति के जीवन में खुशहाली आए। सरकार इस संकल्प को पूरी सख्ती और संवेदनशीलता के साथ जमीन पर उतार रही है।



