
मुंबई। खार पुलिस ने 26 वर्षों से न्यायालय और पुलिस की गिरफ्त से फरार चल रहे एक आरोपी को गिरफ्तार कर बड़ी सफलता हासिल की है। आरोपी जबरन लूट (रॉबरी) के एक पुराने मामले में वांछित था और उसके खिलाफ न्यायालय द्वारा उद्घोषणा (प्रोक्लेमेशन) भी जारी की गई थी। गिरफ्तार आरोपी की पहचान सुनील अशोक माली (निवासी- लोकमान्य हॉस्पिटल क्वार्टर्स, सायन, मुंबई) के रूप में हुई है। पुलिस के अनुसार वर्ष 2000 में दर्ज अपराध क्रमांक 282/2000 में भारतीय दंड संहिता की धारा 394 और 34 के तहत मामला दर्ज किया गया था। इस मामले की सुनवाई अतिरिक्त मुख्य महानगर दंडाधिकारी, 9वीं अदालत, बांद्रा (पूर्व), मुंबई में चल रही थी। आरोपी लगातार अदालत में पेश नहीं हो रहा था, जिसके चलते न्यायालय ने 5 मई 2022 को उसके खिलाफ उद्घोषणा जारी की थी। खार पुलिस स्टेशन की विशेष निगरानी एवं तड़ीपार टीम फरार आरोपियों की तलाश कर रही थी। जांच के दौरान पुलिस आरोपी के सायन स्थित पुराने पते पर पहुंची, लेकिन वहां की चॉल पहले ही टूट चुकी थी और उसके वर्तमान ठिकाने की कोई जानकारी नहीं मिली। इसके बाद पुलिस ने तकनीकी जांच और गोपनीय सूचना के आधार पर आरोपी का पता लगाया। पुलिस ने नवी मुंबई के नेरुल इलाके में जाल बिछाकर 1 अगस्त 2026 को सुबह करीब 11:30 बजे आरोपी को उसके ठिकाने से गिरफ्तार कर लिया। यह कार्रवाई खार पुलिस स्टेशन के वरिष्ठ पुलिस निरीक्षक संतोष काटे के मार्गदर्शन तथा पुलिस निरीक्षक सचिन वाघ के नेतृत्व में की गई। कार्रवाई में पुलिस उपनिरीक्षक दिनेश पाटिल, पुलिस हवलदार गुरव, पोफले, पवार, माने, पेडणेकर तथा पुलिस सिपाही ठोंबरे ने महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। आरोपी को आगे की कानूनी कार्रवाई के लिए न्यायालय के समक्ष पेश किया गया।

