
मुंबई/इंद्र यादव। ठाणे शहर की शांति और सुरक्षा को तार-तार करते हुए एक हैरान करने वाला मामला सामने आया है। ठाणे के घोडबंदर रोड स्थित ‘एस.के. गैलेक्सी लॉजिंग’ में आर्थिक तंगी और मजबूरी का फायदा उठाकर महिलाओं से देह व्यापार कराया जा रहा था। क्राइम ब्रांच यूनिट-5 की टीम ने छापेमारी कर इस काले धंधे का पर्दाफाश किया है।क्राइम ब्रांच के वरिष्ठ पुलिस निरीक्षक सलील भोसले को गुप्त सूत्रों से जानकारी मिली थी कि ‘एस.के. गैलेक्सी लॉजिंग’ में देह व्यापार का रैकेट चलाया जा रहा है। जानकारी के मुताबिक, यहाँ संचालक ग्राहकों से मोटी रकम वसूलते थे और बदले में महिलाओं को जिस्मफरोशी के धंधे में धकेल देते थे।सच्चाई का पता लगाने के लिए पुलिस ने एक सटीक योजना बनाई। वरिष्ठ अधिकारियों की अनुमति लेकर एक ‘फर्जी ग्राहक’ को लॉज में भेजा गया। जैसे ही लॉज के कर्मचारियों ने देह व्यापार की पुष्टि की, पुलिस टीम ने वहां धावा बोल दिया।इस मामले में पुलिस ने तीन मुख्य आरोपियों को रंगे हाथों पकड़ा है, जो इस पूरे रैकेट को चला रहे थे:चंदन कमलेश पासवान: जो लॉज का संचालक है।दिनेश संजीव शेट्टी (44 वर्ष): जो मैनेजर और कैशियर की भूमिका निभा रहा था।राजू चंद्र यादव (30 वर्ष): जो रूम सर्विस की आड़ में महिलाओं को ग्राहकों तक पहुंचाने का काम करता था।पुलिस ने मौके से 30,200 रुपये नकद और कुछ मोबाइल फोन भी जब्त किए हैं, जो इस अवैध धंधे में इस्तेमाल हो रहे थे।इस छापेमारी की सबसे बड़ी कामयाबी दो महिलाओं को इस दलदल से बाहर निकालना रही। आरोपी इन महिलाओं की मजबूरी और लाचारी का फायदा उठाकर उनसे गलत काम करवा रहे थे। कासारवडवली पुलिस स्टेशन में इन आरोपियों के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता और ‘अनैतिक व्यापार (रोकथाम) अधिनियम’ के तहत गंभीर मामला दर्ज किया गया है।इस ऑपरेशन को पुलिस सह आयुक्त पंजाबराव उगले, पुलिस उपायुक्त अमरसिंह जाधव और सहायक पुलिस आयुक्त शेखर बागड़े के मार्गदर्शन में अंजाम दिया गया। सलील भोसले के नेतृत्व में पुलिस की पूरी टीम ने तत्परता दिखाते हुए शहर के एक बड़े अवैध धंधे को बंद करवा दिया है। फिलहाल, पुलिस आगे की जांच कर रही है ताकि इस गिरोह से जुड़े अन्य लोगों का भी पता लगाया जा सके।



