
नागपुर। देश को स्वतंत्रता दिलाने के लिए असंख्य स्वतंत्रता सेनानियों ने अपने प्राणों की आहुति दी है और इस पर प्रत्येक भारतीय को गर्व है। इसी भावना को सजीव रखने के लिए नागपुर में स्थापित किया गया यह भव्य राष्ट्रध्वज यहां की जनता के राष्ट्राभिमान का प्रतीक बनेगा। यह विश्वास मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने व्यक्त किया। शनिवार को नागपुर के ऐतिहासिक कस्तुरचंद पार्क में नागपुर महानगरपालिका और लोकमत समाचार समूह के संयुक्त प्रयास से स्थापित 200 फुट ऊंचे भारतीय राष्ट्रध्वज का लोकार्पण मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस के हाथों हुआ। इस अवसर पर वे संबोधित कर रहे थे। कार्यक्रम में विधायक संदीप जोशी, विधायक विकास ठाकरे, महापौर नीता ठाकरे, प्रभारी मनपा आयुक्त डॉ. विपीन इटनकर, अतिरिक्त आयुक्त वसुमना पंत, वैष्णवी बी तथा लोकमत के एडिटोरियल बोर्ड के चेयरमैन डॉ. विजय दर्डा सहित अनेक गणमान्य व्यक्ति उपस्थित थे। मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने कहा कि विदेशों में कई स्थानों पर बड़े-बड़े राष्ट्रीय ध्वज दिखाई देते हैं और लंबे समय से यह मांग उठती रही है कि भारत में भी राष्ट्रभिमान को मजबूत करने के लिए ऐसे भव्य राष्ट्रध्वज स्थापित किए जाएं। पहले इसमें फ्लैग कोड से संबंधित कुछ बाधाएं थीं, लेकिन अब वे दूर हो चुकी हैं और देश के कई शहरों में विशाल राष्ट्रध्वज स्थापित किए जा रहे हैं। उन्होंने कहा कि कस्तुरचंद पार्क में स्थापित यह राष्ट्रध्वज नागपुर के नागरिकों में देशभक्ति और राष्ट्राभिमान की भावना को और मजबूत करेगा। इस परिसर का सुंदर डिजाइन तैयार किया गया है और यहां की दीवारों पर नागपुर से अन्य राज्यों की ओर जाने वाले प्रमुख शहरों के प्रतीक भी दर्शाए गए हैं। मुख्यमंत्री ने कहा कि इस ऐतिहासिक शहर में इतने भव्य राष्ट्रध्वज की स्थापना होना गर्व की बात है। इस ध्वज को देखकर हर नागरिक के मन में देश के प्रति गर्व और सम्मान की भावना जागृत होती है। उन्होंने इस पहल के लिए लोकमत समाचार समूह की सराहना भी की। कार्यक्रम में डॉ. विजय दर्डा ने स्वागत भाषण दिया। इससे पहले मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने यहां स्थापित शिलालेख (कोनशिला) का अनावरण किया तथा राष्ट्रध्वज का उद्घाटन और ध्वजारोहण भी किया। उल्लेखनीय है कि कस्तुरचंद पार्क में राष्ट्रध्वज स्थापित करने की अवधारणा वर्ष 2009 में प्रस्तुत की गई थी। वर्ष 2016 में केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी के हाथों इस परियोजना का भूमिपूजन किया गया था। इस राष्ट्रध्वज परिसर की वास्तु योजना वास्तुविद शांतनु भल्ला ने तैयार की है।




