
मुंबई। मुंबई में सार्वजनिक परिवहन को आधुनिक और सुविधाजनक बनाने की दिशा में एक बड़ा कदम उठाते हुए राज्य सरकार जल्द ही ‘मुंबई-1’ सिंगल स्मार्ट कार्ड लॉन्च करने जा रही है। यह बहुप्रतीक्षित कार्ड यात्रियों को उपनगरीय लोकल ट्रेन, मेट्रो, मोनोरेल और बेस्ट बसों सहित सभी प्रमुख सार्वजनिक परिवहन सेवाओं तक एक ही कार्ड से टैप कर पहुंच प्रदान करेगा। मुख्यमंत्री एकनाथ फडणवीस और केंद्रीय रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव ने एक संयुक्त प्रेस कॉन्फ्रेंस में यह घोषणा की। फडणवीस ने कहा कि यह प्रणाली मुंबई में यात्रा के तरीके में क्रांतिकारी बदलाव लाएगी और एक महीने के भीतर रेलवे टिकटिंग सिस्टम के साथ इसका एकीकरण पूरा हो जाएगा। यह स्मार्ट कार्ड लाखों दैनिक यात्रियों के लिए यात्रा को सरल बनाएगा, नकदी और कई ऐप्स या टोकनों पर निर्भरता को खत्म करेगा। यह योजना शहरी परिवहन को आधुनिक बनाने और विभिन्न सेवाओं में निर्बाध कनेक्टिविटी प्रदान करने के राज्य सरकार के प्रयास का हिस्सा है। रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव ने बताया कि वर्तमान में महाराष्ट्र में 1.73 लाख करोड़ रूपए की रेलवे परियोजनाएं चल रही हैं, जिनमें से अकेले मुंबई के लिए 17,000 करोड़ रूपए की योजनाएं हैं। इसके अलावा इस वर्ष 23,778 करोड़ रूपए की नई रेलवे परियोजनाएं मंजूर की गई हैं। प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान गोंदिया-बल्लारशाह रेलवे लाइन को भी हरी झंडी दी गई, जिससे विदर्भ, छत्तीसगढ़ और तेलंगाना के बीच कनेक्टिविटी को बढ़ावा मिलेगा। इसकी कुल लागत 4,019 करोड़ रूपए है, जिसे केंद्र सरकार वहन करेगी। मुख्यमंत्री फडणवीस ने छत्रपति शिवाजी महाराज सर्किट ट्रेन लाइन की भी घोषणा की, जो पर्यटकों को शिवाजी महाराज के युग से जुड़े ऐतिहासिक किलों और स्थलों की यात्रा पर ले जाएगी, जिससे राज्य की समृद्ध विरासत को बढ़ावा मिलेगा। यह पूरी पहल न केवल यात्री अनुभव को बेहतर बनाएगी, बल्कि मुंबई और महाराष्ट्र को ट्रांसपोर्ट और पर्यटन के क्षेत्र में एक नई ऊंचाई पर ले जाएगी।




