
मुंबई। खुले में कचरा जलाने से वायु प्रदूषण और स्वास्थ्य समस्याएं बढ़ती हैं, जिससे निपटने के लिए बृहन्मुंबई महानगर पालिका (बीएमसी) ने जुर्माने की राशि 100 रूपए से बढ़ाकर 1,000 रूपए करने का फैसला किया है, जो 1 अप्रैल 2025 से लागू होगा। बीएमसी प्रत्येक वार्ड में एक विशेष निगरानी दल तैनात करेगी, जिसमें SWM विभाग के जूनियर सुपरवाइजर, उपद्रव जांच स्टाफ (ND स्टाफ) और मुकादम शामिल होंगे, जो कचरा जलाने की घटनाओं पर नजर रखेंगे और उल्लंघनकर्ताओं पर तुरंत जुर्माना लगाएंगे। मुंबई नगर निगम अधिनियम, 1888 की धारा 462 (ईई) के तहत बनाए गए बृहन्मुंबई स्वच्छता और स्वास्थ्य उपनियम, 2006 के अंतर्गत यह कार्रवाई की जाएगी। बीएमसी की उपायुक्त (SWM) किरण दिघावकर ने कहा कि खुले में कचरा जलाने से जहरीली गैसें निकलती हैं, जिससे वायु गुणवत्ता खराब होती है और सांस संबंधी बीमारियां बढ़ती हैं, इसलिए जुर्माने की राशि बढ़ाई गई है। बीएमसी ने नागरिकों को पर्यावरण संरक्षण के प्रति जागरूक करने के निर्देश भी दिए हैं और चेतावनी दी है कि यदि कोई खुले में कचरा जलाते हुए पकड़ा गया तो उसे 1,000 रूपए का जुर्माना भरना होगा, अन्यथा कानूनी कार्रवाई की जा सकती है।




