
मुंबई। ‘ईज ऑफ डूइंग बिजनेस’ नीति को प्रभावी रूप से लागू कर निवेशकों को बेहतर सेवाएं प्रदान करने के उद्देश्य से उद्योग विभाग के तहत ‘मैत्री कक्ष’ के नवीनीकृत MAITRI 2.0 (maitri.maharashtra.gov.in) पोर्टल का अनावरण मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस, उपमुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे और उपमुख्यमंत्री अजित पवार के हाथों किया गया। इस अनावरण कार्यक्रम के दौरान उद्योग मंत्री उदय सामंत, मंत्रिमंडल के अन्य मंत्रीगण, मुख्य सचिव सुजाता सौनिक, विभिन्न विभागों के सचिव, वरिष्ठ अधिकारी, उद्योग विभाग के सचिव डॉ.पी.अन्बलगन, उद्योग विकास आयुक्त दीपेंद्रसिंह कुशवाह सहित कई गणमान्य उपस्थित थे।
MAITRI (Maharashtra Industry, Trade and Investment Facilitation Cell) पोर्टल उद्योग, निवेश और व्यापार को सरल बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है। 2016 में शुरू किए गए MAITRI 1.0 पोर्टल को अब 2.0 संस्करण में अपग्रेड किया गया है, जिसमें कई आधुनिक सुविधाएं और तकनीकी सुधार किए गए हैं, ऐसा उद्योग विकास आयुक्त श्री कुशवाह ने प्रस्तुतीकरण के दौरान बताया।
पोर्टल की विशेषताएँ
इस पोर्टल के माध्यम से महाराष्ट्र में उद्योग सुविधा प्रक्रिया को अधिक पारदर्शी और तेज बनाया जाएगा। निवेशकों, उद्यमियों और व्यापारियों को अधिक सरल और त्वरित सेवाएं प्राप्त होंगी।
एकल आवेदन प्रणाली– औद्योगिक विकास के विभिन्न चरणों में व्यवसायों को विभिन्न प्रकार के लाइसेंस और अनापत्ति प्रमाणपत्र (NOCs) की आवश्यकता होती है। मैत्री पोर्टल के माध्यम से विभिन्न परमिट और स्वीकृतियाँ एक ही स्थान पर उपलब्ध होंगी, जिससे अलग-अलग सरकारी विभागों में आवेदन करने की आवश्यकता नहीं होगी।
रियल-टाइम ट्रैकिंग और डैशबोर्ड– निवेशक अपने आवेदन की वर्तमान स्थिति को ट्रैक कर सकते हैं और महत्वपूर्ण अपडेट प्राप्त कर सकते हैं।
आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) आधारित चैटबॉट और ऑनलाइन सहायता केंद्र – निवेशकों और उद्यमियों को विभिन्न सरकारी योजनाओं, परमिट, सब्सिडी आदि से संबंधित जानकारी तुरंत प्राप्त करने के लिए “उद्योग मित्र” चैटबॉट सुविधा उपलब्ध कराई गई है।
इंसेंटिव कैलकुलेटर – सरकारी योजनाओं के तहत मिलने वाले प्रोत्साहन लाभों का अनुमान लगाने के लिए एक विशेष कैलकुलेटर उपलब्ध कराया गया है।
डिजिटल डॉक्युमेंट डिपॉजिटरी (DigiLocker) – उद्योग से संबंधित आवश्यक दस्तावेजों को सुरक्षित रूप से संग्रहीत करने और कहीं से भी एक्सेस करने की सुविधा दी गई है।
राष्ट्रीय सिंगल विंडो सिस्टम (NSWS) के साथ द्विपक्षीय एकीकरण – एक ही पोर्टल से सभी आवेदन और अनुमोदन प्रक्रियाएँ पूरी की जा सकेंगी।
विभिन्न विभागों की सेवाएँ एक ही स्थान पर उपलब्ध
इस पोर्टल के माध्यम से 15 विभिन्न विभागों की 119 सेवाएँ एक ही स्थान पर उपलब्ध कराई गई हैं, जिनमें से 100 सेवाएँ पूरी तरह से एकीकृत की जा चुकी हैं। इसमें प्रमुख रूप से श्रम विभाग, औद्योगिक सुरक्षा एवं स्वास्थ्य संचालनालय, बॉयलर विभाग, नगर विकास विभाग और राज्य उत्पादन शुल्क विभाग जैसी महत्वपूर्ण सेवाओं को शामिल किया गया है। इससे राज्य के औद्योगिक क्षेत्र को अत्याधुनिक ऑनलाइन सुविधाओं का लाभ मिलेगा। इसके अलावा, अतिरिक्त नई सेवाएँ भी जोड़ी जाएँगी और इनकी संख्या 200 तक बढ़ाई जाएगी, ऐसा आयुक्त कुशवाह ने कहा।




