
मुंबई। मुंबई में नशे की बढ़ती समस्या से निपटने के लिए 1 मई से “मुंबई अगेंस्ट ड्रग्स” (Mumbai Against Drugs) नाम से एक वर्ष लंबा विशेष अभियान शुरू किया जाएगा। इस पहल का उद्देश्य नशे के खिलाफ व्यापक जन-जागरूकता फैलाना और समाज के सभी वर्गों को इस लड़ाई में शामिल करना है। इस अभियान की घोषणा एक महत्वपूर्ण बैठक के बाद की गई, जिसकी अध्यक्षता मुंबई उपनगरीय संयुक्त पालक मंत्री मंगल प्रभात लोढ़ा और विधायक अमित सातम ने की। बैठक में जिला प्रशासन, पुलिस, नगर निगम, खेल विभाग और विभिन्न गैर-सरकारी संगठनों (NGOs) के प्रतिनिधियों ने भाग लिया। विधायक अमित सातम ने कहा कि हाल ही में नशे की ओवरडोज़ से हुई मौतें इस बात का संकेत हैं कि इस समस्या का समाधान केवल पुलिस कार्रवाई से संभव नहीं है। उन्होंने बताया कि मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस के मार्गदर्शन में इस अभियान को जन-आंदोलन का रूप दिया जाएगा, जिसमें समाज के सभी वर्गों की सक्रिय भागीदारी सुनिश्चित की जाएगी। अभियान के तहत स्कूलों, कॉलेजों, विश्वविद्यालयों, धार्मिक संस्थानों, रेजिडेंट वेलफेयर एसोसिएशनों (RWAs), कॉर्पोरेट प्रतिष्ठानों और सरकारी कार्यालयों में विशेष कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे। इसके अलावा, विभिन्न क्षेत्रों की प्रमुख हस्तियों, अभिभावक-शिक्षक संघों (PTAs) और सामाजिक संगठनों को भी इस मुहिम से जोड़ा जाएगा। इस पहल का मुख्य फोकस युवाओं के बीच नशे के दुरुपयोग के खिलाफ जागरूकता बढ़ाना, सामुदायिक भागीदारी को प्रोत्साहित करना और समाज में एक मजबूत नशा-विरोधी माहौल तैयार करना है। सरकार और प्रशासन का मानना है कि सामूहिक प्रयासों से ही इस गंभीर सामाजिक समस्या पर प्रभावी नियंत्रण पाया जा सकता है।




