
मुंबई। अण्णासाहेब पाटील आर्थिक मागास विकास महामंडल अब केवल आर्थिक सहायता देने तक सीमित न रहकर लाभार्थियों को सक्षम उद्यमी बनाने पर विशेष ध्यान दे रहा है। आधुनिक डिजिटल प्रशिक्षण, मार्केटिंग प्लेटफॉर्म और तकनीकी सुधारों के माध्यम से व्यवसाय वृद्धि के लिए व्यापक सहयोग दिया जा रहा है। यह जानकारी महामंडल के प्रबंध निदेशक विजयसिंह देशमुख ने दी। महामंडल द्वारा विकसित ‘व्यवसाय वर्धन मार्केटिंग टैब’ एक डिजिटल प्लेटफॉर्म है, जिसे Flipkart, Amazon और IndiaMART की तर्ज पर तैयार किया गया है। इस पोर्टल पर लाभार्थी अपने उत्पादों की जानकारी, तस्वीरें, कीमत और संपर्क विवरण अपलोड कर सकते हैं, जिससे छोटे व्यवसायों को भी बड़े बाजार तक पहुंचने का अवसर मिल रहा है। अब तक इस प्लेटफॉर्म पर 27,500 से अधिक व्यवसाय पंजीकृत हो चुके हैं। विभिन्न श्रेणियों, जिलों और तालुकों के आधार पर खोज सुविधा उपलब्ध होने से उपभोक्ताओं को स्थानीय उद्यमियों तक आसानी से पहुंच मिल रही है। इस पहल के माध्यम से ‘लोकल टू ग्लोबल’ की अवधारणा को साकार करने का प्रयास किया जा रहा है। भविष्य में भुगतान गेटवे शुरू करने की भी योजना है। महामंडल द्वारा वेबिनार, यूट्यूब और पॉडकास्ट के जरिए प्रशिक्षण कार्यक्रम संचालित किए जा रहे हैं। इनमें व्यवसाय की शुरुआत, ब्रांडिंग, डिजिटल मार्केटिंग, सोशल मीडिया उपयोग, ग्राहक संवाद और वित्तीय योजना जैसे विषयों पर विशेषज्ञों द्वारा मार्गदर्शन दिया जा रहा है। ग्रामीण और दूरस्थ क्षेत्रों के उद्यमियों के लिए यह पहल विशेष रूप से उपयोगी साबित हो रही है। इसके अलावा, DigiLocker सेवा को शामिल कर दस्तावेज सत्यापन प्रक्रिया को सरल, तेज और विश्वसनीय बनाया गया है। आने वाले समय में महा-आईडी और आधार के एकीकरण की भी योजना है। महामंडल ने सभी लाभार्थियों से अपील की है कि वे पोर्टल पर पंजीकरण कर अपने उत्पादों की जानकारी अपलोड करें और आवश्यकता पड़ने पर जिला समन्वयकों से संपर्क कर इस सुविधा का अधिकतम लाभ उठाएं।




