
मुंबई। सेठ जी.एस.मेडिकल कॉलेज और केईएम अस्पताल में सार्वजनिक स्वास्थ्य सेवाओं को और अधिक आधुनिक तथा प्रभावी बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल की गई है। राज्य सरकार के प्रयासों के तहत अस्पताल में अत्याधुनिक ‘हाई-एंड वेसल सीलर’ उपकरण उपलब्ध कराए गए हैं, जिससे सर्जरी की गुणवत्ता और मरीजों की सुरक्षा में उल्लेखनीय सुधार होने की उम्मीद है। रविवार को मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस के नेतृत्व में शुरू की गई इस पहल का उद्देश्य आर्थिक रूप से कमजोर और जरूरतमंद मरीजों को विश्वस्तरीय उपचार सुविधाएं उपलब्ध कराना है। कॉर्पोरेट सामाजिक दायित्व (CSR) परियोजना के अंतर्गत जनरल सर्जरी विभाग के ‘इलेक्टिव सर्जरी ओटी’ यानी जमशेदजी मेहता सर्जिकल कॉम्प्लेक्स में दो अत्याधुनिक इलेक्ट्रोसर्जिकल यूनिट्स स्थापित की गई हैं। मुंबई के सबसे बड़े सार्वजनिक स्वास्थ्य संस्थानों में शामिल केईएम अस्पताल में प्रतिदिन हजारों मरीज इलाज के लिए पहुंचते हैं। ऐसे में आधुनिक तकनीक से लैस उपकरणों की आवश्यकता लंबे समय से महसूस की जा रही थी। नए ‘हाई-एंड वेसल सीलर’ उपकरण सर्जरी के दौरान रक्त वाहिकाओं को तुरंत सील कर रक्तस्राव नियंत्रित करने में सक्षम हैं। इससे ऑपरेशन अधिक सटीक, सुरक्षित और कम जटिल होंगे। विशेषज्ञों के अनुसार, जटिल सर्जरी में रक्तस्राव कम होने से डॉक्टरों को अधिक दक्षता के साथ उपचार करने में सहायता मिलेगी, वहीं मरीजों के लिए संक्रमण और अन्य जोखिम भी घटेंगे। इससे ऑपरेशन का समय कम होने और रिकवरी प्रक्रिया तेज होने की भी संभावना है। इस परियोजना को सफल बनाने में इंडियन ऑयल कॉर्पोरेशन लिमिटेड ने सहयोग दिया है। मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने इसके लिए कंपनी का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि राज्य के प्रत्येक नागरिक को गुणवत्तापूर्ण और अत्याधुनिक स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध कराना सरकार की प्राथमिकता है। उन्होंने कहा कि ऐसे प्रकल्पों से सार्वजनिक अस्पतालों की क्षमता बढ़ती है और गरीब व जरूरतमंद मरीजों को बड़ी राहत मिलती है। यह पहल न केवल महाराष्ट्र की सार्वजनिक स्वास्थ्य व्यवस्था को मजबूत करेगी, बल्कि आर्थिक रूप से कमजोर वर्गों के लिए आधुनिक चिकित्सा सुविधाओं को अधिक सुलभ और प्रभावी बनाने की दिशा में भी एक महत्वपूर्ण कदम साबित होगी।




