
मुंबई। विधान परिषद से सेवानिवृत्त हो रहे सदस्यों ने अपने कार्यकाल के दौरान जनहित में महत्वपूर्ण कार्य किए और सदन की कार्यवाही में बहुमूल्य योगदान दिया। शुक्रवार को उपमुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे ने उनके कार्यों की सराहना करते हुए सार्वजनिक जीवन में उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना की। विधान परिषद से सेवानिवृत्त हो रहे सदस्य सतीश चव्हाण, अरुण लाड, अभिजित वंजारी, किरण सरनाईक और जयंत आसगांवकर को सदन में विदाई दी गई। शिक्षा, सहकारिता, सामाजिक कार्य, शिक्षकों और युवाओं की समस्याओं तथा आम नागरिकों के हित में लगातार आवाज उठाने वाले इन सदस्यों के कार्यों की सराहना करते हुए उपमुख्यमंत्री शिंदे ने उनकी जनसेवा के प्रति कृतज्ञता व्यक्त की। उन्होंने कहा कि जनहित के मुद्दों के प्रति इन सदस्यों की प्रतिबद्धता और सदन की गरिमापूर्ण परंपराओं को बनाए रखने में उनका योगदान हमेशा याद रखा जाएगा।
शिक्षकों के मुद्दों को प्रभावी ढंग से उठाया : जयंत आसगांवकर
उपमुख्यमंत्री शिंदे ने कहा कि जयंत आसगांवकर ने शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र का प्रतिनिधित्व करते हुए शिक्षकों, विद्यार्थियों और शिक्षा क्षेत्र से जुड़े मुद्दों को लगातार अध्ययनपूर्ण तरीके से सदन में उठाया। शिक्षा व्यवस्था का उनका गहन अध्ययन और शिक्षकों के न्यायसंगत अधिकारों के लिए किए गए प्रयास उल्लेखनीय रहे हैं।
युवाओं और मराठवाड़ा के विकास की आवाज बने सतीश चव्हाण
सतीश चव्हाण ने विद्यार्थियों, बेरोजगार युवाओं और मराठवाड़ा के विकास से जुड़े मुद्दों को लगातार सदन में उठाया। युवाओं को न्याय दिलाने और रोजगार के अवसर बढ़ाने के लिए उनके लगातार प्रयासों का उपमुख्यमंत्री शिंदे ने विशेष उल्लेख किया।
अभिजित वंजारी ने बनाई जनोन्मुखी नेतृत्व की पहचान
अभिजित वंजारी ने आम नागरिकों के मुद्दों को प्रभावी ढंग से सदन में उठाया। विद्यार्थी आंदोलन, शिक्षा और सामाजिक कार्यों के साथ ही कोविड-19 महामारी के दौरान चिकित्सा सहायता, खाद्यान्न वितरण और जरूरतमंदों की मदद कर उन्होंने जनोन्मुखी नेतृत्व की पहचान बनाई।
सहकारिता और सामाजिक कार्यों में अरुण लाड का उल्लेखनीय योगदान
उपमुख्यमंत्री शिंदे ने सहकारिता, शिक्षा और सामाजिक क्षेत्र में अरुण लाड के योगदान की सराहना की। उन्होंने कहा कि सहकारी संस्थाओं के साथ-साथ रक्तदान शिविर, साक्षरता अभियान, महिला सशक्तिकरण, स्वास्थ्य शिविर और पर्यावरण जागरूकता जैसे विभिन्न उपक्रमों के माध्यम से अरुण लाड ने समाज के साथ अपना मजबूत रिश्ता बनाए रखा।
शांत, संयमित और अध्ययनशील रही किरण सरनाईक की भूमिका
किरण सरनाईक ने विधान परिषद में विभिन्न विषयों पर अध्ययनपूर्ण तरीके से अपनी बात रखकर एक जनप्रतिनिधि के रूप में अलग पहचान बनाई। उपमुख्यमंत्री शिंदे ने सदन में उनकी शांत, संयमित और अध्ययनशील भूमिका की भी सराहना की। उपमुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे ने विधान परिषद से सेवानिवृत्त हो रहे सभी सदस्यों को उनके समर्पित कार्यों के लिए बधाई दी। उन्होंने कामना की कि सार्वजनिक जीवन में उनकी आगे की यात्रा अधिक सफल हो, समाजसेवा की उनकी परंपरा निरंतर जारी रहे और जनसेवा में उनका योगदान भविष्य में भी बना रहे। इस अवसर पर अन्य सदस्यों के साथ विधान परिषद से सेवानिवृत्त हो रहे सदस्यों ने भी अपनी भावनाएं व्यक्त कीं।



