
नागपुर। मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने कहा कि अब शैक्षणिक संस्थानों को केवल डिग्रीधारी छात्र नहीं, बल्कि रोजगार योग्य, अत्याधुनिक कौशल से लैस और समय की मांग के अनुरूप गुणवत्तापूर्ण मानव संसाधन तैयार करने पर ध्यान देना होगा। आज उद्योग जगत को ऐसे युवाओं की आवश्यकता है जो अर्थपूर्ण योगदान दे सकें। रविवार को वे नागपुर स्थित रामदेवबाबा विश्वविद्यालय में स्थापित ‘एआई सेंटर फॉर कॉम्पिटन्सी’ के उद्घाटन समारोह को संबोधित कर रहे थे। मुख्यमंत्री ने कहा कि रामदेवबाबा विश्वविद्यालय ने शिक्षा के क्षेत्र में अपनी अलग पहचान बनाई है और व्यावसायीकरण से दूर रहकर गुणवत्तापूर्ण शिक्षा प्रदान की है। उन्होंने विश्वास व्यक्त किया कि यह विश्वविद्यालय भविष्य में अनुसंधान और नवाचार के क्षेत्र में देश के अग्रणी संस्थानों में शामिल होगा। उन्होंने कहा कि कृत्रिम बुद्धिमत्ता (एआई), सेमीकंडक्टर और क्वांटम कंप्यूटिंग आने वाले समय की दिशा तय करने वाली प्रमुख तकनीकें हैं। दुनिया तेजी से पांचवीं औद्योगिक क्रांति की ओर बढ़ चुकी है और अब छठी औद्योगिक क्रांति की चर्चा भी शुरू हो गई है। ऐसे में शैक्षणिक संस्थानों को भी अपनी शिक्षा प्रणाली और पाठ्यक्रमों में बदलाव करना होगा। मुख्यमंत्री ने कहा कि आने वाले लगभग 1,000 दिनों में AI के कारण करीब 70 प्रतिशत नौकरियों का स्वरूप बदल जाएगा। नौकरियां समाप्त नहीं होंगी, बल्कि उनमें आवश्यक कौशल बदल जाएंगे। इसलिए युवाओं को नई तकनीकों के अनुरूप तैयार करना समय की सबसे बड़ी आवश्यकता है। उन्होंने कहा कि स्वास्थ्य, कृषि, बायोटेक्नोलॉजी, रोबोटिक्स सहित हर क्षेत्र में एआई परिवर्तन ला रहा है। राज्य सरकार द्वारा शुरू किया गया ‘महाविस्तार’ एआई आधारित ऐप किसानों को उनकी भाषा में फसल, कीट, उर्वरक और कृषि प्रबंधन संबंधी जानकारी उपलब्ध करा रहा है। इस तकनीक से खेती की लागत लगभग 25 प्रतिशत तक घट सकती है, जबकि उत्पादकता 25 से 30 प्रतिशत तक बढ़ सकती है। मुख्यमंत्री ने कहा कि अब किसी एक विषय तक सीमित शिक्षा पर्याप्त नहीं है। इंजीनियरिंग, बायोटेक्नोलॉजी और अन्य क्षेत्रों में बहुविषयक (Multidisciplinary) दृष्टिकोण अपनाना आवश्यक है। उन्होंने कहा कि विश्व की अधिकांश बड़ी तकनीकी खोजें विश्वविद्यालयों और शोध संस्थानों से ही निकली हैं, इसलिए शिक्षा संस्थानों को नवाचार और अनुसंधान का केंद्र बनना होगा। कार्यक्रम के दौरान मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने डिजिटल माध्यम से ‘एआई सेंटर फॉर कॉम्पिटन्सी’ का उद्घाटन किया। इस अवसर पर श्रीरामदेवबाबा सार्वजनिक समिति के अध्यक्ष पद्मश्री सत्यनारायण नुवाल ने विश्वास व्यक्त किया कि यह केंद्र शोध और नवाचार को नई दिशा देगा, जबकि कुलगुरु डॉ. आर.एस. पांडे ने विश्वविद्यालय की विभिन्न उपलब्धियों और योजनाओं की जानकारी दी।






