ठेकेदार पर 5 लाख और तकनीकी सलाहकार पर 1 लाख रुपये का जुर्माना

मीरा-भाईंदर। मीरा-भाईंदर महानगरपालिका ने अमृत 2.0 योजना के तहत चल रही सूर्या क्षेत्रीय जलापूर्ति परियोजना के कार्यों में सुरक्षा मानकों की अनदेखी को गंभीरता से लेते हुए संबंधित ठेकेदार और तकनीकी सलाहकार पर दंडात्मक कार्रवाई की है। सुरक्षा नियमों के उल्लंघन और दुर्घटनाओं के मद्देनजर ठेकेदार पर 5 लाख रुपये तथा तकनीकी सलाहकार पर 1 लाख रुपये का जुर्माना लगाया गया है। मनपा के अनुसार केंद्र सरकार की अमृत 2.0 योजना के तहत जलाशय, मुख्य जल पाइपलाइन, वितरण नेटवर्क और फीडर लाइन से जुड़े विभिन्न निर्माण कार्य जारी हैं। निरीक्षण के दौरान कई कार्यस्थलों पर आवश्यक सुरक्षा उपायों में गंभीर खामियां पाई गईं। इस संबंध में संबंधित ठेकेदार और तकनीकी सलाहकार को कई बार मौखिक निर्देश और लिखित नोटिस जारी कर सुधार करने को कहा गया था, लेकिन अपेक्षित सुधार नहीं होने के कारण कुछ दुर्घटनाएं हुईं, जिनमें मजदूरों और नागरिकों के घायल होने की घटनाएं सामने आईं। इन घटनाओं के बाद मनपा ने सभी कार्यस्थलों पर मजबूत बैरिकेडिंग, ऊंची सुरक्षा शीट, सेफ्टी नेट, चेतावनी बोर्ड, रिफ्लेक्टिव साइन बोर्ड, पर्याप्त प्रकाश व्यवस्था, सुरक्षित प्रवेश मार्ग और अन्य आवश्यक सुरक्षा उपकरण उपलब्ध कराने के निर्देश दिए हैं। साथ ही प्रत्येक कार्यस्थल पर जिम्मेदार अभियंता, पर्यवेक्षक और सुरक्षा अभियंता की अनिवार्य उपस्थिति सुनिश्चित करने को कहा गया है। महानगरपालिका की जांच में प्रथम दृष्टया निविदा की शर्तों और अनुबंध में निर्धारित सुरक्षा प्रावधानों का उल्लंघन पाया गया। इसके आधार पर ठेकेदार मेसर्स ईगल इंफ्रा इंडिया लिमिटेड पर 5 लाख रुपये तथा कार्यों की निगरानी कर रहे तकनीकी सलाहकार मेसर्स फोरस्ट्रेस इन्फ्राकॉन लिमिटेड–यश इनोवेटिव सॉल्यूशन (जेवी) पर 1 लाख रुपये का जुर्माना लगाया गया है। मनपा प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि नागरिकों की सुरक्षा सर्वोच्च प्राथमिकता है और सभी विकास कार्यों में सुरक्षा नियमों का कड़ाई से पालन अनिवार्य रहेगा। भविष्य में यदि किसी भी प्रकार की लापरवाही या सुरक्षा नियमों का उल्लंघन पाया गया तो संबंधित ठेकेदार और तकनीकी सलाहकार के विरुद्ध अनुबंध की शर्तों के अनुसार और अधिक कड़ी प्रशासनिक एवं दंडात्मक कार्रवाई की जाएगी। महानगरपालिका ने नागरिकों से भी अपील की है कि निर्माण स्थलों के आसपास सावधानी बरतें, चेतावनी संकेतों का पालन करें और किसी भी प्रकार की असुरक्षित स्थिति या सुरक्षा संबंधी खामी दिखाई देने पर तत्काल मनपा को इसकी जानकारी दें।

