
मुंबई। महाराष्ट्र के जलापूर्ति एवं स्वच्छता मंत्री गुलाबराव पाटील ने रायगढ़ जिले के महाड और माणगांव तालुकों में जल जीवन मिशन के अंतर्गत चल रही पेयजल योजनाओं की समीक्षा करते हुए अधिकारियों को लंबित कार्यों में तेजी लाने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि महाड तालुका की दासगांव-वहुर जलापूर्ति योजना के तहत दो के बजाय तीन पानी की टंकियां बनाई जाएं, ताकि क्षेत्र के नागरिकों को पर्याप्त और नियमित जलापूर्ति सुनिश्चित की जा सके। मंगलवार को मंत्री पाटील की अध्यक्षता में आयोजित समीक्षा बैठक में रोजगार गारंटी एवं बागवानी मंत्री भरत गोगावले, विधायक महेंद्र दळवी, जलापूर्ति एवं स्वच्छता विभाग के अपर मुख्य सचिव पराग जैन-नैनुटिया, रायगढ़ जिला परिषद की मुख्य कार्यकारी अधिकारी नेहा भोसले, जिला परिषद के कार्यकारी अभियंता मोहन सरावदे, मुख्य अभियंता एवं विशेष कार्य अधिकारी प्रशांत भामरे, जिला परिषद अध्यक्ष मंगेश वाकडीकर, शिक्षा एवं वित्त समिति के सभापति चंद्रकांत कळंबे, जिला परिषद सदस्य विकास गोगावले तथा महाराष्ट्र जीवन प्राधिकरण और विभाग के वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित थे। बैठक में मंत्री गुलाबराव पाटील ने निर्देश दिया कि रायगढ़ जिले में जल जीवन मिशन और नल जलापूर्ति योजनाओं के तहत कितने घरों में अब तक नल कनेक्शन नहीं पहुंचे हैं, इसकी विस्तृत समीक्षा की जाए। जिला परिषद की मुख्य कार्यकारी अधिकारी को इस संबंध में जिला नियोजन समिति के समक्ष प्रस्ताव प्रस्तुत करने तथा आवश्यक निधि उपलब्ध कराकर शेष नल कनेक्शन शीघ्र पूर्ण कराने के निर्देश दिए गए। उन्होंने कहा कि जिले में स्वीकृत कई जलापूर्ति योजनाओं में तकनीकी और प्रशासनिक कमियां सामने आई हैं। इन त्रुटियों को दूर कर संशोधित प्रशासनिक मंजूरी प्राप्त करते हुए सभी योजनाओं को निर्धारित समयसीमा में पूरा किया जाए, ताकि नागरिकों को पेयजल के लिए परेशान न होना पड़े। समीक्षा बैठक में दाभोल एवं टोला (बु.), दासगांव-वहुर, खैरे एवं 21 गांवों की जलापूर्ति योजना, पोलादपुर तथा 14 अन्य जल योजनाओं की विस्तृत समीक्षा की गई। अधिकारियों ने योजनाओं की प्रगति, लंबित कार्यों और आवश्यक सुधारात्मक उपायों की जानकारी मंत्री को दी। मंत्री पाटील ने स्पष्ट किया कि राज्य सरकार ग्रामीण क्षेत्रों में हर घर तक स्वच्छ पेयजल पहुंचाने के लिए प्रतिबद्ध है और जल जीवन मिशन के तहत चल रही सभी योजनाओं को गुणवत्तापूर्ण ढंग से समय पर पूरा करने के लिए आवश्यक कदम उठाए जाएंगे।



