
भूपेन्द्र सिंह/उन्नाव, उत्तर प्रदेश। 30 मार्च वास्तविक स्वशासन के लिए पंचायतों के कार्यों और शक्तियों का दायरा काफी व्यापक होना चाहिए निःसंदेह विकास कार्यक्रम महत्वपूर्ण हैं परन्तु वे स्वशासन के मर्म नहीं हो सकते।सत्ता के वास्तविक विकेंद्रीकरण के बिना पंचायती राज सच्चे सहभागी प्रभावकारी लोकतंत्र का आधार बन पाना एक कठिन चुनौती है, उपरोक्त विचार आज यहां विकासखंड सिकंदरपुर सिरोसी के सभागार में विकास भारती द्वारा आयोजित चयनित पंचायत के प्रतिनियों के जलवायु परिवर्तन से संबंधित संवेदीकरण प्रशिक्षण कार्यक्रम में वार्ता के दौरान उपस्थित लोगों द्वारा व्यक्त किए गए। विषय प्रवेश करते हुए संस्था के अध्यक्ष गिरिजेश पाण्डेय ने बताया विकास भारती संस्था सरोसी विकास खण्ड के पांच ग्राम पंचायतों में ग्रामीण पारिस्थितिकी तंत्र मजबूत करने तथा जलवायु सहनशील गाँवों का निर्माण करने, समुदाय आधारित अनुकूलन पहल के माध्यम से टिकाऊ कृषि प्रथाओं को बढ़ावा देकर जलवायु सहनशील समुदायों का निर्माण हेतु प्रयत्नरत है जिसके अंतर्गत पंचायतीराज संस्था के सदस्यों को जलवायु परिवर्तन के परिदृश्य में प्रशिक्षित करना,ग्राम पंचायत विकास योजना में जलवायु अनुकूल गतिविघियों को शामिल करना प्रमुख होगा, उक्त गतिविधियों में महिला किसानों को प्रमुखरुप से जोड़ना होगा। विकास खण्ड सिकंदरपुर सरोसी के सहायक पंचायत राज अधिकारी विनोद कुमार वर्मा ने कहा कि ग्राम पंचायत विकास योजना में पंचायत सदस्यों की बड़ी भूमिका है उन्होंने जलवायु परिवर्तन के संवेदीकरण प्रशिक्षण में बताया कि जलवायु लचीली गतिविधियां ग्राम पंचायत विकास योजना में जोड़े जाने की विशेष आवश्यकता है जिससे गरीबी मुक्त और आजीविका युक्त गांव,जल समृद्ध गांव, स्वच्छ और हरित गांव, जलवायु जोखिम से प्रभावित महिलाओं के लिए विशेष प्रशिक्षण, बच्चों, वरिष्ठ नागरिकों, शारीरिक निःशक्त लोगों, किशोरियों को पोषण, स्वास्थ्य, स्थानीय चिकित्सा पद्धतियो का विकास,पीने के पानी के स्रोतों की सुरक्षा,जल जनित रोगों की रोकथाम हेतु स्वच्छता अभियान, अपशिष्ट प्रबंधन, गर्मी व वारिश से जुड़ी बीमारियों पर स्वास्थ्य शिविर,घरेलू जैविक उत्पाद पौधारोपण सौर ऊर्जा, सोलर इर्रीगेशन जल स्रोतों का समृद्धीकरण जैसे विषयों को जोड़े जाने की आवश्यकता होंगी। उक्त कार्यक्रम में पंचायत सहायक मनीष तिवारी,विभोर यादव,राम आसरे, धर्मराज, राजेश संतोषकुमार, अजीतसिंह, असलम, सुरजन, हृदयराम कुशवाहा,प्रताप, सर्वोदय मंडल उन्नाव के अध्यक्ष संजीव श्रीवास्तव ने भी अपने विचार साझा किये। प्रशिक्षण में शिवपाल,रामबरन वर्मा कुसुमा श्रीनारायण, शालिनी सोनालिका की उपस्थित सराहनीय रही। स्वागत उद्बोधन दिव्यांशी कुशवाहा तथा धन्यवाद ज्ञापन सोनूकुमार ने किया।




