
मुंबई। मुंबई भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो (एसीबी) ने रिश्वतखोरी के मामले में बीएमसी के के-ईस्ट वार्ड के एक कर्मचारी संदीप जोगदंडकर को गिरफ्तार किया है। आरोपी बीएमसी में सहायक के रूप में कार्यरत था। एसीबी के अनुसार, शिकायतकर्ता ठेले बेचने और किराए पर देने का व्यवसाय करता है। 18 जनवरी 2025 को, बीएमसी के/ईस्ट वार्ड के रखरखाव विभाग द्वारा उसके ठेले बनाने के उपकरण जब्त कर लिए गए। शिकायतकर्ता ने अगले दिन अधिकारियों से मिलने का प्रयास किया लेकिन सफलता नहीं मिली। 27 जनवरी 2025 को उसने एक अधिकारी से संपर्क किया, जिसने बताया कि उसका सामान फेंक दिया गया है और अब कुछ नहीं किया जा सकता। बाद में, 27 मार्च 2025 को, शिकायतकर्ता को अपने परिचितों से पता चला कि उसका सामान संदीप जोगदंडकर द्वारा बेचा जा रहा है। शिकायतकर्ता ने अपने एक परिचित को जोगदंडकर से मिलने भेजा, जिसके बाद जोगदंडकर ने शिकायतकर्ता से खुद फोन पर संपर्क किया और जेबी नगर मेट्रो स्टेशन के पास मिलने को कहा। वहां उसने शिकायतकर्ता से सामान वापस देने के लिए 15,000 रुपये की रिश्वत मांगी, जिसे बातचीत के बाद 12,000 रुपये तक कम कर दिया गया। शिकायतकर्ता सरकारी कर्मचारी को रिश्वत नहीं देना चाहता था, इसलिए उसने 2 अप्रैल 2025 को एसीबी मुंबई कार्यालय में शिकायत दर्ज कराई। एसीबी ने त्वरित कार्रवाई करते हुए एक जाल बिछाया और संदीप जोगदंडकर को 12,000 रुपये की रिश्वत लेते हुए रंगे हाथों गिरफ्तार कर लिया। आरोपी के खिलाफ भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम की संबंधित धाराओं के तहत मामला दर्ज किया गया है।




