
नागपुर। नागपुर में हाल ही में हुई हिंसा को लेकर महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने सख्त रुख अपनाया है। शनिवार को मीडिया से बात करते हुए उन्होंने कहा कि हिंसा के दौरान हुई संपत्ति के नुकसान की भरपाई दंगाइयों से की जाएगी। अगर वे भुगतान नहीं कर पाते हैं, तो उनकी संपत्तियों को जब्त कर नीलाम किया जाएगा।
104 दंगाइयों की हुई पहचान
सीएम फडणवीस ने जानकारी दी कि पुलिस ने सीसीटीवी फुटेज के आधार पर अब तक 104 दंगाइयों की पहचान कर ली है। इनमें 12 नाबालिगों सहित 92 लोगों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जा रही है। उन्होंने स्पष्ट किया कि पुलिसकर्मियों पर हमला करने वालों के खिलाफ कठोर कार्रवाई होगी और सरकार तब तक चैन से नहीं बैठेगी जब तक दोषियों को सज़ा नहीं मिल जाती। फडणवीस ने बताया कि हिंसा के चलते प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का पूर्व निर्धारित नागपुर दौरा प्रभावित नहीं होगा। जब सीएम से पूछा गया कि क्या इस हिंसा के पीछे विदेशी या बांग्लादेशी तत्वों का हाथ है, तो उन्होंने इसे खारिज करते हुए कहा कि इस पर कुछ भी कहना जल्दबाजी होगी, क्योंकि मामले की जांच अभी चल रही है।
खुफिया तंत्र पर भी दिया बयान
फडणवीस ने खुफिया तंत्र की विफलता से इनकार किया, लेकिन माना कि इसे और बेहतर किया जा सकता था। साथ ही, उन्होंने इस बात पर भी जोर दिया कि इस हिंसा का कोई राजनीतिक पहलू नहीं है। सीएम ने बताया कि दंगाइयों ने महिला कांस्टेबलों पर पत्थर फेंके थे, लेकिन छेड़छाड़ की कोई घटना नहीं हुई है। फिलहाल, नागपुर पुलिस पूरी सख्ती के साथ मामले की जांच में जुटी है और दंगाइयों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की तैयारी कर रही है।




