किसानों की दिवाली ‘काली’ नहीं होने देंगे, हजारों ट्रकों से भेजी जाएगी राहत: एकनाथ शिंदे
सूखाग्रस्त किसानों को दिवाली राशन और जरूरी सामान पहुंचाने की शुरुआत, शादी वाले परिवारों की भी मदद करेगी शिवसेना

मुंबई। उपमुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे ने मंगलवार को कहा है कि किसानों की दिवाली किसी भी परिस्थिति में काली नहीं होने दी जाएगी। उन्होंने कहा कि इस वर्ष खड़ी फसलें सूखने से किसान गंभीर संकट में हैं, लेकिन राज्य सरकार उनके साथ मजबूती से खड़ी है। शिंदे की शिवसेना की ओर से सूखाग्रस्त किसानों के लिए हजारों ट्रकों के जरिए राहत सामग्री और दिवाली का राशन भेजने की शुरुआत की गई है। शिंदे ने कहा कि राज्य में सूखा घोषित करने की मांग किसानों की ओर से लगातार की जा रही थी और सरकार ने इसे स्वीकार किया है। उन्होंने दावा किया कि पिछले वर्ष की तरह इस बार भी किसानों के खातों में 5-5 हजार रुपये की तत्काल आर्थिक सहायता सीधे भेजी गई है। उन्होंने कहा कि शिवसेना की ओर से राहत भेजना कोई उपकार नहीं, बल्कि नैतिक जिम्मेदारी है। उन्होंने कहा, “मदद का तोरण, यही शिवसेना की नीति” है और यह शिवसेना प्रमुख बालासाहेब ठाकरे तथा धर्मवीर आनंद दिघे की सीख है। शिंदे के अनुसार, मंगलवार से ही चरणबद्ध तरीके से हजारों ट्रकों में दिवाली का राशन और जीवनावश्यक वस्तुएं सूखाग्रस्त क्षेत्रों में भेजी जाएंगी। उन्होंने कहा कि किसी क्षेत्र में आवश्यक वस्तुओं की कमी नहीं होने दी जाएगी। उपमुख्यमंत्री ने यह भी कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने महाराष्ट्र के संकटग्रस्त किसानों को केंद्र की ओर से सहयोग देने का भरोसा दिया है। उन्होंने कहा कि केंद्र की मदद आने से पहले ही शिवसेना की ओर से राहत सीधे किसानों तक पहुंचाई जा रही है। शिंदे ने दुष्काल प्रभावित उन किसान परिवारों का भी उल्लेख किया, जिनके घर इस वर्ष बेटे या बेटी की शादी तय है। उन्होंने कहा कि ऐसे परिवार आर्थिक संकट के कारण विवाह समारोह में परेशानी का सामना न करें, इसके लिए शिवसेना उनकी मदद करेगी। संबंधित पदाधिकारियों को गांववार ऐसे परिवारों की जानकारी जुटाने के निर्देश दिए गए हैं। उन्होंने कहा कि सरकार और पार्टी दोनों स्तरों पर यह प्रयास रहेगा कि सूखे से प्रभावित किसी भी किसान परिवार को दिवाली और पारिवारिक कार्यक्रमों के दौरान अकेला न पड़ना पड़े।
