HomeHealth & Fitnessएफडीए आयुक्त तुकाराम मुंढे के आदेश के बाद राज्यभर में बड़ी छापेमारी

एफडीए आयुक्त तुकाराम मुंढे के आदेश के बाद राज्यभर में बड़ी छापेमारी

“अब नहीं चलेगा मिलावट का खेल!: 25 एफआईआर,33 आरोपी गिरफ्तार, 27 प्रतिष्ठान सील, लाखों का माल जब्त

मुंबई। महाराष्ट्र खाद्य एवं औषधि प्रशासन(एफडीए) के आयुक्त के रूप में पदभार संभालते ही तुकाराम मुंढे ने राज्यभर में छापेमारी और जब्ती अभियान चलाने के निर्देश दिए। एफडीए मुख्यालय के सह आयुक्त (अन्न) महेश ना. चौधरी ने गुरुवार को बताया कि 25 मई 2026 से 27 मई 2026 के बीच राज्यव्यापी विशेष अभियान चलाकर मिलावटखोरों, प्रतिबंधित गुटखा विक्रेताओं, अस्वच्छ खाद्य उत्पादकों और नियमों का उल्लंघन करने वाले प्रतिष्ठानों पर बड़ी कार्रवाई की गई। यह अभियान मुंबई, कोंकण, पुणे, नाशिक, अमरावती, नागपुर और छत्रपति संभाजीनगर विभागों में चलाया गया। कार्रवाई के दौरान प्रतिबंधित गुटखा, पान मसाला, सुगंधित तंबाकू, मिलावटी दूध, असुरक्षित खाद्य पदार्थ और भ्रामक पैकेजिंग करने वालों पर सख्त कदम उठाए गए।
25 एफआईआर दर्ज, 33 गिरफ्तार व 27 प्रतिष्ठान सील
अभियान के दौरान गुटखा और पान मसाले से जुड़े 53 प्रतिष्ठानों की जांच की गई। इनमें से 34 जगहों पर प्रतिबंधित पदार्थों की बिक्री पाई गई। प्रशासन ने 25 एफआईआर दर्ज कर 33 लोगों को गिरफ्तार किया है। साथ ही 5 वाहन जब्त किए गए तथा 27 प्रतिष्ठानों को सील किया गया। इस कार्रवाई में लगभग 20 लाख 57 हजार 296 रुपये का माल जब्त किया गया। केवल मुंबई विभाग में 19 प्रतिष्ठानों की जांच कर सभी 19 प्रतिष्ठानों को सील किया गया तथा 19 लोगों के खिलाफ एफआईआर दर्ज कर उन्हें गिरफ्तार किया गया। इसके अलावा पैकबंद पानी, दूध, नूडल्स, कार्बोनेटेड ड्रिंक, खाद्य तेल, मिठाई, फरसान, आइसक्रीम, मसाले, पनीर, घी, बेसन और बेकरी उत्पादों सहित विभिन्न खाद्य पदार्थों का लगभग 28 लाख 78 हजार 572 रुपये का माल जब्त किया गया और नमूनों को जांच के लिए भेजा गया।
राज्यभर में बड़े खुलासे
जळगांव के धरणगांव तहसील में एक व्यक्ति द्वारा गाय के दूध में खाद्य तेल मिलाकर कृत्रिम दूध तैयार किए जाने का मामला सामने आया। संबंधित व्यक्ति के खिलाफ मामला दर्ज कर नमूने जांच के लिए भेजे गए हैं।
पुणे के इंदापुर के एक प्रतिष्ठान में आम को कृत्रिम रूप से पकाने के लिए इथिलीन रसायन का उपयोग किया जा रहा था। लगभग 20 हजार रुपये के आम जब्त कर नष्ट किए गए।
धुळे जिले की एक आटा मिल में बेहद अस्वच्छ वातावरण में मटर बेसन तैयार किया जा रहा था। प्रशासन ने लगभग 14 लाख रुपये का माल जब्त किया।
मुंबई के धारावी स्थित एक यूनिट में लेबलिंग नियमों का उल्लंघन कर नूडल्स का उत्पादन किया जा रहा था। वहां से बड़ी मात्रा में माल जब्त किया गया।
नाशिक क्षेत्र में बिना लाइसेंस खाद्य उत्पादन, नकली लेबलिंग और घटिया खाद्य तेल बेचने वाले कई प्रतिष्ठानों पर कार्रवाई की गई।
पालघर जिले में एक प्रतिष्ठान में अस्वच्छ परिस्थितियों में आइसक्रीम उत्पादन हो रहा था। वहां से लाखों रुपये का माल जब्त किया गया।
“स्वास्थ्य से खिलवाड़ करने वालों को बख्शा नहीं जाएगा”- एफडीए आयुक्त तुकाराम मुंढे
वही एफडीए आयुक्त तुकाराम मुंढेने चेतावनी देते हुए कहा कि जनता के स्वास्थ्य से खिलवाड़ करने वाले किसी भी व्यक्ति या प्रतिष्ठान को बख्शा नहीं जाएगा। मिलावट, प्रतिबंधित पदार्थों की बिक्री और असुरक्षित खाद्य उत्पादन के खिलाफ अब और अधिक कठोर तथा लगातार कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने कहा कि खाद्य सुरक्षा एवं मानक कानून का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ केवल जुर्माना ही नहीं बल्कि आपराधिक कार्रवाई भी की जाएगी। भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता 2023 की धारा 129 के तहत ‘चैप्टर केस’ दर्ज कर आरोपियों से अच्छे व्यवहार का बंधपत्र लिया जाएगा। दोबारा अपराध करने पर सीधे एफआईआर दर्ज की जाएगी।
नागरिकों से अपील: प्रशासन ने नागरिकों से अपील की है कि खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता को लेकर संदेह होने या मिलावट की जानकारी मिलने पर तुरंत खाद्य एवं औषधि प्रशासन से संपर्क करें। शिकायत करते समय अपना नाम, पता, संपर्क नंबर तथा संबंधित प्रतिष्ठान की सटीक जानकारी देना आवश्यक होगा। आयुक्त तुकाराम मुंढे ने बताया कि नागरिकों की शिकायतें आसान बनाने के लिए विभाग जल्द ही एक नया मोबाइल ऐप विकसित करेगा। साथ ही शिकायत दर्ज कराने के लिए टोल-फ्री नंबर भी जारी किया जाएगा। उन्होंने कहा- सुरक्षित भोजन हर नागरिक का मौलिक अधिकार है और इसे सुनिश्चित करना खाद्य एवं औषधि प्रशासन की जिम्मेदारी है।

RELATED ARTICLES

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

- Advertisment -
Google search engine

Most Popular

Recent Comments