Saturday, February 14, 2026
Google search engine
HomeHealth & Fitnessमराठा आरक्षण के लिए मनोज जरांगे डटे, अनशन का दसवां दिन, बीपी...

मराठा आरक्षण के लिए मनोज जरांगे डटे, अनशन का दसवां दिन, बीपी गिरा, किडनी पर भी असर!

मुंबई। मराठा आरक्षण की मांग को लेकर अनशन पर बैठे मराठा नेता मनोज जरांगे पाटिल की भूख हड़ताल का आज दसवां दिन है। इसलिए भूख हड़ताल का असर अब उनकी सेहत पर भी देखने को मिल रहा है। स्वास्थ्य विभाग की एक टीम अनशन स्थल पर पहुंची और जरांगे की जाँच की। खबर है कि मनोज जरांगे का बीपी कम हो गया है और डॉक्टरों ने बताया है कि उनकी किडनी पर असर पड़ रहा है। जानकारी के मुताबिक, डॉक्टरों मनोज जरांगे का ब्लड टेस्ट कराया है। चूंकि वे पानी नहीं पी रहे हैं, इसलिए खून में बिलीरुबिन की मात्रा बढ़ रही है। इसका असर किडनी पर पड़ रहा है। इसलिए उन्हें एंटीबायोटिक्स दी जा रही हैं। फिलहाल उन्हें सलाइन भी लगाई गई है। मौके पर मौजूद डॉक्टरों ने कहा है कि उनकी हालत को देखते हुए आगे निर्णय लिया जाएगा। मराठा आरक्षण की मांग को लेकर मनोज जरांगे पिछले दस दिनों से जालना जिले के अंबड तालुका के अंतरवाली सराटी गांव में भूख हड़ताल पर बैठे हैं। इतने दिनों से मनोज जरांगे के पेट में अन्न का एक दाना भी नहीं गया है। जिसका असर कल से उनकी सेहत पर ज्यादा दिख रहा है। डॉक्टर लगातार उनकी निगरानी कर रहे हैं।
मनोज जरांगे क्या खत्म करेंगे अनशन?
इस बीच, मनोज जरांगे ने आज प्रेस कॉन्फ्रेंस कर अपना पक्ष रखा। दरअसल महाराष्ट्र सरकार ने ‘कुनबी’ प्रमाणपत्र देने का निर्णय लिया है। मराठा आरक्षण को लेकर बुधवार को राज्य सरकार ने आदेश जारी किया। मनोज जरांगे ने कहा, इस आदेश की कॉपी हम तक नहीं पहुंची है। ख़बरों से हमें कुछ अहम बातें पता चली हैं। मराठा समुदाय के जिन लोगों के पास कुनबी होने का रिकॉर्ड है, उन्हें आज से कुनबी प्रमाणपत्र दिया जाएगा। लेकिन हम सभी मराठा समुदाय को कुनबी प्रमाणपत्र देने की मांग कर रहे हैं। हमारे पास किसी के पास कुनबी होने का कोई रिकॉर्ड नहीं है। इसलिए कल का फैसला कोई मायने नहीं रखेगा। उन्होंने अपनी भूख हड़ताल जारी रखने की घोषणा की है।
‘कुनबी’ प्रमाणपत्र देने के लिए सरकार तैयार
मराठा आरक्षण पर महाराष्ट्र के सीएम एकनाथ शिंदे ने बुधवार को कहा, “कैबिनेट बैठक में यह निर्णय लिया गया है कि जिन लोगों के पास निज़ाम काल के दस्तावेज़ हैं, उन्हें ‘कुनबी’ प्रमाणपत्र दिया जाएगा। इसके अलावा, रिटायर जस्टिस संदीप शिंदे की अध्यक्षता वाली एक समिति इस मामले को देखेगी और एक महीने में अपनी रिपोर्ट सौंपेंगी।

जालना प्रदर्शन और लाठीचार्ज पर क्या बोले मुख्यमंत्री
इसके अलावा, जालना में लाठीचार्ज की घटना पर सीएम शिंदे ने कहा, राज्य सरकार ने वहां के एसपी, एडिशनल एसपी को पदमुक्त कर दिया है… जो दोषी पाए जाएंगे उनके खिलाफ कार्रवाई होगी… सरकार मराठा समुदाय को आरक्षण देने के पक्ष में है।

RELATED ARTICLES

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

- Advertisment -
Google search engine

Most Popular

Recent Comments