दिवेआगर समुद्र में डूबने से आलंदी के आठ छात्रों की मौत, शहर में पसरा मातम

‘विनर्स अकादमी’ के 42 छात्र गए थे शैक्षणिक भ्रमण पर, बच्चों की सुरक्षा में लापरवाही को लेकर उठे गंभीर सवाल

रायगढ़। सुबह की हल्की धूप में पढ़ाई का तनाव कम करने और प्रकृति का आनंद लेने के लिए चेहरे पर मुस्कान लिए घर से निकले आठ छात्रों के कुछ ही घंटों बाद दुनिया से चले जाने की खबर ने आलंदी को झकझोर दिया। रायगढ़ जिले के दिवेआगर समुद्र तट पर हुई दर्दनाक दुर्घटना में आलंदी की ‘विनर्स अकादमी’ के आठ छात्रों की समुद्र में डूबने से मौत हो गई। शाम को हादसे की खबर आलंदी पहुंचते ही पूरे शहर और आसपास के केलगांव क्षेत्र में मातम पसर गया। आलंदी स्थित निजी कोचिंग संस्थान ‘विनर्स अकादमी’ के कक्षा 11वीं और 12वीं साइंस के करीब 42 छात्रों को लेकर शिक्षक गुरुवार तड़के रायगढ़ किला और दिवेआगर समुद्र तट की सैर के लिए रवाना हुए थे। दोपहर के समय छात्र दिवेआगर समुद्र तट पहुंचे। समुद्र में तैरने के लिए उतरने के दौरान लहरों का अंदाजा नहीं लगने से एक छात्र डूबने लगा। उसे बचाने के लिए अन्य छात्र आगे बढ़े और वे भी गहरे पानी में खिंचते चले गए। स्थानीय नागरिकों और प्रशासन ने तत्काल बचाव अभियान चलाकर छात्रों को समुद्र से बाहर निकाला, लेकिन तब तक आठ छात्रों की जान जा चुकी थी। मृत छात्रों की पहचान यश किरण वानखेड़े, सोहम तुकाराम भांडवलकर, तन्मय दत्तात्रय वहिले, कौस्तुभ संदीप दौड, कैवल्य वासनकर, राजवीर वहिले, प्रणव बनसोडे और सुमित अहिरे के रूप में हुई है। सभी छात्र आलंदी और केलगांव क्षेत्र के निवासी बताए गए हैं। दुर्घटना की सूचना मिलते ही आलंदी में अकादमी परिसर और मृत छात्रों के घरों के बाहर बड़ी संख्या में लोग जमा हो गए। सुबह हंसते-मुस्कुराते अपने दोस्तों के साथ घर से निकले बच्चों के शव वापस आने की बात से परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है। कई घरों में शाम को चूल्हे तक नहीं जले। पूरे आलंदी और आसपास के केलगांव क्षेत्र में शोक और सन्नाटा पसरा हुआ है। इस दर्दनाक हादसे के बाद अकादमी की ओर से छात्रों की सुरक्षा के लिए की गई व्यवस्थाओं को लेकर भी गंभीर सवाल उठने लगे हैं। बताया गया है कि अकादमी प्रशासन ने अभिभावकों से भ्रमण के लिए सहमति पत्र लिए थे, लेकिन सवाल उठाया जा रहा है कि समुद्र तट पर बच्चों की सुरक्षा के लिए पर्याप्त इंतजाम किए गए थे या नहीं? जब छात्र समुद्र में उतर रहे थे तब शिक्षक और अकादमी संचालक उन पर नजर क्यों नहीं रख पाए? भ्रमण के आयोजन के लिए शिक्षा विभाग अथवा संबंधित स्थानीय प्रशासन से आवश्यक अनुमति ली गई थी या नहीं रायगढ़ और पुणे जिला प्रशासन आपस में संपर्क में हैं। पोस्टमार्टम की प्रक्रिया पूरी होने के बाद मृत छात्रों के शव आलंदी लाने की तैयारी की जा रही है। घटना के बाद स्थानीय नागरिकों और अभिभावकों में आक्रोश भी है। उनकी मांग है कि पूरे हादसे की निष्पक्ष और विस्तृत जांच की जाए तथा जांच में यदि सुरक्षा संबंधी लापरवाही सामने आती है तो जिम्मेदार लोगों के खिलाफ कठोर कानूनी कार्रवाई की जाए।

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