अतिवृष्टि और सूखे की दोहरी मार से जूझ रहे किसानों के बीच पहुंचे उपसभापति सचिन अहिर
नांदगांव खंडेश्वर क्षेत्र में सोयाबीन की फसल का लिया जायजा, कहा— किसान हताश न हों, सरकार मजबूती से उनके साथ खड़ी है

अमरावती। महाराष्ट्र विधान परिषद के उपसभापति सचिन अहिर ने शुक्रवार को नांदगांव खंडेश्वर क्षेत्र के विभिन्न गांवों का दौरा कर अतिवृष्टि और सूखे के कारण फसलों को हुए नुकसान का जायजा लिया। उन्होंने कहा कि क्षेत्र के किसान अतिवृष्टि और सूखे के दोहरे संकट का सामना कर रहे हैं। ऐसे समय किसानों को हताश होने की जरूरत नहीं है और सरकार मजबूती से उनके साथ खड़ी है। अहिर ने कहा कि अमरावती जिले के सभी तालुकों को सूखाग्रस्त घोषित किया गया है। नुकसान का तत्काल पंचनामा कर किसानों को सहायता उपलब्ध कराई जाएगी। दौरे के दौरान उन्होंने मौजा मुंड निशंकराव में किसान दीपक बोलाईत और मंगरूळ चव्हाळा में जानबाजी पारसकर के खेतों में जाकर सोयाबीन की फसल का निरीक्षण किया और नुकसान की स्थिति की जानकारी ली। इसके बाद अहिर ने सालोड में आत्महत्या करने वाले किसानों के परिजनों से मुलाकात कर उन्हें सांत्वना दी। परिजनों के अनुसार किसान मुरलीधर वेळूकर की खेती को बैकवॉटर के पानी के कारण लगातार नुकसान हो रहा था और उन्होंने इसी वर्ष जुलाई में आत्महत्या कर ली थी। यह जानकारी उनके बड़े भाई प्रकाश वेळूकर ने दी। अहिर ने वेळूकर की पत्नी, बेटी समीक्षा और बेटे सार्थक से मुलाकात कर उनका हाल जाना तथा उन्हें भरोसा दिलाया कि प्रशासन उनके साथ मजबूती से खड़ा है। उन्होंने किसान मनोज फरकाडे के परिवार से भी मुलाकात की। मनोज फरकाडे ने इसी वर्ष अप्रैल में आत्महत्या की थी। अहिर ने उनकी पत्नी शुभांगी फरकाडे तथा बच्चों रुद्रांश (4 वर्ष) और शिवराज (8 वर्ष) से मुलाकात कर उन्हें सांत्वना दी। इसके बाद श्री क्षेत्र खंडेश्वर संस्थान में सचिन अहिर ने किसानों से संवाद कर उनकी समस्याएं जानीं। इस दौरान सालोड गांव के सरपंच जगदीश ढगे, उपविभागीय अधिकारी तेजश्री कोरे सहित अन्य अधिकारी और स्थानीय लोग उपस्थित रहे।
