कर्जमाफी और ‘मुख्यमंत्री माझी लाडकी बहीण‘ योजना जारी रहने से किसानों और महिलाओं को बड़ी राहत

मुंबई। मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस द्वारा प्रस्तुत किया गया राज्य का बजट केवल आंकड़ों का दस्तावेज नहीं, बल्कि वास्तविकताओं को ध्यान में रखते हुए वर्ष 2047 तक विकसित महाराष्ट्र के निर्माण का प्रगतिशील, शाश्वत, सर्वसमावेशी और सुशासन आधारित रोडमैप है। यह प्रतिक्रिया राज्य के राजस्व मंत्री चंद्रशेखर बावनकुळे ने व्यक्त की।उन्होंने कहा कि बजट में कई महत्वपूर्ण घोषणाएं की गई हैं, लेकिन किसानों के लिए कर्जमाफी और ‘मुख्यमंत्री माझी लाडकी बहिण’ योजना को जारी रखने के निर्णय से राज्य के करोड़ों किसानों और महिलाओं को अभूतपूर्व राहत मिलेगी।बावनकुळे ने बताया कि 30 सितंबर 2025 तक फसल ऋण बकाया रखने वाले पात्र किसानों के लिए दो लाख रुपये तक की ‘पुण्यश्लोक अहिल्यादेवी शेतकरी कर्जमाफी योजना’ की घोषणा की गई है। इसके साथ ही नियमित रूप से ऋण चुकाने वाले किसानों को 50 हजार रुपये तक का प्रोत्साहन लाभ देने का निर्णय भी लिया गया है। इसके लिए उन्होंने मुख्यमंत्री फडणवीस का आभार व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि यह बजट महाराष्ट्र के समग्र विकास का दस्तावेज है, जिसमें ग्रामीण विकास के साथ-साथ शहरी क्षेत्रों के सभी वर्गों के विकास का भी संकल्प लिया गया है। वर्ष 2047 तक राज्य की लगभग 70 प्रतिशत आबादी शहरी क्षेत्रों में रहने की संभावना को ध्यान में रखते हुए राज्य में दस स्थानों पर शहरी विकास प्राधिकरण स्थापित करने का प्रस्ताव है। इसके अलावा एक हजार से अधिक आबादी वाले गांवों को कंक्रीट सड़कों से जोड़ने की महत्वाकांक्षी योजना भी बजट में शामिल की गई है। इससे ग्रामीण और शहरी क्षेत्रों का नियोजनबद्ध विकास संभव होगा। बावनकुळे ने बताया कि समाज सुधारकों के योगदान को सम्मान देने के लिए आने वाले वर्ष को ‘सामाजिक समता और समरसता वर्ष’ के रूप में मनाने का निर्णय भी इस बजट की सामाजिक संवेदनशीलता को दर्शाता है। उन्होंने कहा कि दिवंगत उपमुख्यमंत्री अजित पवार की संसदीय सेवाओं को सम्मान देने के लिए ‘गतिमान नागरी सेवा पुरस्कार’ देने की घोषणा भी उनके प्रति एक अनोखी श्रद्धांजलि है। राजस्व मंत्री ने कहा कि बजट में बुनियादी ढांचे के विकास, रोजगार सृजन, उद्योग, कृषि, ग्राम विकास, ऊर्जा, हवाई अड्डों, सड़कों, मेट्रो और रेलवे जैसे परिवहन साधनों के विस्तार पर विशेष जोर दिया गया है। इसके साथ ही प्रशासन में आधुनिक तकनीक के उपयोग, पर्यटन विकास, किफायती आवास, तीसरी मुंबई, रामटेक के पास तीसरी फिल्म सिटी, नए नागपुर के विकास, विद्यार्थियों को आर्थिक सहायता, स्टार्टअप को प्रोत्साहन, स्वास्थ्य सुविधाओं के विस्तार, सांस्कृतिक विरासत के संरक्षण तथा खेल गुणवत्ता विकास केंद्रों की स्थापना जैसे कई महत्वपूर्ण प्रावधान किए गए हैं। उन्होंने बताया कि शासन को अधिक पारदर्शी, गतिशील और जवाबदेह बनाने के लिए प्रशासनिक सुधार किए जाएंगे। साथ ही सरकार में 75 हजार नए पदों पर भर्ती, नागरिकों की संपत्ति अधिकारों की सुरक्षा के लिए नीति, स्मार्ट पुलिसिंग, राजस्व प्रणाली का आधुनिकीकरण, सार्वजनिक-निजी भागीदारी नीति तथा पर्यावरण संरक्षण जैसे कदम भी उठाए जाएंगे। बावनकुळे ने विश्वास व्यक्त किया कि यह बजट महाराष्ट्र के नागरिकों के जीवन में निश्चित रूप से सकारात्मक बदलाव लाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा।




