₹93.44 करोड़ का बैंक फ्रॉड: मुंबई की कंपनी पर CBI की ताबड़तोड़ छापेमारी
₹135 करोड़ के टर्म लोन में कथित हेराफेरी का मामला; PNB की शिकायत पर केस दर्ज, कंपनी निदेशकों के ठिकानों से बैंक और संपत्ति से जुड़े दस्तावेज जब्त

इंद्र यादव/मुंबई। बैंक से करोड़ों रुपये का लोन लिया और फिर कथित तौर पर संबंधित कंपनी के फर्जी इनवॉइस और बिलों के जरिए रकम को इधर-उधर कर दिया। मुंबई की हंजर बायोटेक एनर्जीज प्राइवेट लिमिटेड से जुड़े ऐसे ही बैंक धोखाधड़ी के मामले में केंद्रीय जांच ब्यूरो (CBI) ने बड़ी कार्रवाई की है। आरोप है कि इस कथित धोखाधड़ी से पंजाब नेशनल बैंक (PNB) को ₹93.44 करोड़ का नुकसान हुआ।मामला पंजाब नेशनल बैंक की मुंबई स्थित SAM ब्रांच की शिकायत पर सामने आया। बैंक की शिकायत के मुताबिक कंपनी के नाम पर ₹135 करोड़ का टर्म लोन स्वीकृत किया गया था। आरोप है कि लोन मिलने के बाद कंपनी ने संबंधित कंपनी के कथित फर्जी इनवॉइस और बिलों का इस्तेमाल कर बैंक की रकम को निर्धारित उद्देश्य के बजाय दूसरे रास्तों पर डायवर्ट किया। CBI ने पंजाब नेशनल बैंक की शिकायत पर 30 सितंबर 2026 को मामला दर्ज किया। इसके बाद 2 अक्टूबर को कंपनी के निदेशकों से जुड़े मुंबई स्थित ठिकानों पर छापेमारी की गई। तलाशी के दौरान बैंक से संबंधित कई दस्तावेज और संपत्तियों से जुड़े कागजात जब्त किए गए हैं। CBI अब यह पता लगाने में जुटी है कि बैंक से प्राप्त रकम आखिर कहां और किस तरह इस्तेमाल की गई। इसके साथ ही मामले में अन्य निजी व्यक्तियों अथवा लोक सेवकों की कोई भूमिका रही है या नहीं, इस पहलू की भी जांच की जा रही है। बैंक की शिकायत के अनुसार पूरे मामले में ₹93.44 करोड़ के नुकसान का आरोप है। जांच आगे बढ़ने के साथ रकम के लेन-देन, संबंधित कंपनियों की भूमिका और कथित फर्जी बिलों से जुड़े तथ्यों की परतें खुलने की संभावना है।फिलहाल मामला जांच के स्तर पर है और कंपनी तथा उससे जुड़े लोगों पर लगाए गए आरोपों की अंतिम पुष्टि जांच और न्यायिक प्रक्रिया के बाद ही होगी।
