
मुंबई। आदिवासी विकास विभाग की नाशिक स्थित आयुक्तालय द्वारा 27 अप्रैल 2026 को जारी चौकीदार पदों की भर्ती विज्ञप्ति में अनुसूचित जनजाति (एसटी) वर्ग के लिए एक भी पद आरक्षित न होने का मामला सामने आने के बाद राज्य के आदिवासी विकास मंत्री डॉ. अशोक वुईके ने तत्काल हस्तक्षेप किया है। उन्होंने संबंधित अधिकारियों को विज्ञापन में सुधार करने और संशोधित अधिसूचना जारी करने के निर्देश दिए हैं। मंगलवार को मंत्री डॉ. वुईके ने विभाग के सचिव और आयुक्त के साथ वीडियो कॉन्फ्रेंस के माध्यम से बैठक कर स्थिति की समीक्षा की। बैठक में 20 नवंबर 2025 के शासन निर्णय की प्रावधानों का विस्तृत अध्ययन करते हुए निर्देश दिया गया कि भर्ती प्रक्रिया में आवश्यक संशोधन कर एसटी वर्ग के लिए आरक्षण सुनिश्चित किया जाए और जल्द से जल्द सुधारित विज्ञापन प्रकाशित किया जाए। उन्होंने स्पष्ट किया कि चौकीदार पदों के लिए एक शुद्धिपत्र जारी किया जाएगा, जिससे अनुसूचित जनजाति उम्मीदवारों के साथ हो रहा संभावित अन्याय दूर किया जा सके। साथ ही, अत्याचार (Atrocity) कानून के तहत पीड़ितों के वारिसों को शासकीय सेवाओं में अवसर देने के लिए विशेष प्रावधान भी किए गए हैं। मंत्री ने यह भी बताया कि आदिवासी विकास विभाग में वर्ग-4 के 151 पदों को पुनर्जीवित कर विशेष मामले के रूप में एकमुश्त भर्ती की जाएगी। इस संशोधित प्रक्रिया में एसटी वर्ग के लिए नियमानुसार पद आरक्षित रखे जाएंगे। डॉ. वुईके ने आश्वस्त किया कि अनुसूचित जनजाति उम्मीदवारों के साथ किसी भी प्रकार का अन्याय नहीं होने दिया जाएगा और लोगों से अपील की कि वे अफवाहों पर विश्वास न करें।




