वाढवण बंदर के पास बनेगा विश्वस्तरीय अंतरराष्ट्रीय कृषि बाजार, निवेश के लिए DBS बैंक से पहल करने की अपील
महाराष्ट्र सरकार, DBS बैंक और IICare फाउंडेशन के बीच त्रिपक्षीय समझौता, कृषि निर्यात, हरित वित्त और ग्रामीण स्वास्थ्य सेवाओं के विकास पर जोर

मुंबई। महाराष्ट्र के पालघर जिले में वाढवण बंदर के पास विश्वस्तरीय अंतरराष्ट्रीय बहुउद्देशीय कृषि बाजार विकसित करने की योजना है। इसके लिए सिंगापुर के निवेशकों, अंतरराष्ट्रीय वित्तीय संस्थानों और रणनीतिक भागीदारों के माध्यम से निवेश लाने के लिए DBS बैंक से पहल करने की अपील की गई है। सोमवार को पणन एवं राजशिष्टाचार मंत्री जयकुमार रावल ने सह्याद्री अतिथिगृह में DBS बैंक और IICare फाउंडेशन के प्रतिनिधियों के साथ हुई बैठक में यह आग्रह किया।
कृषि व्यापार और निर्यात को मिलेगा बढ़ावा
प्रस्तावित कृषि बाजार में एकीकृत कोल्ड चेन, आधुनिक खाद्य प्रसंस्करण सुविधाएं, गुणवत्ता नियंत्रण व्यवस्था और वैश्विक बाजारों से सीधा संपर्क उपलब्ध कराने की योजना है। इससे कृषि व्यापार और निर्यात को बढ़ावा देने के साथ फसल कटाई के बाद होने वाले नुकसान को कम करने तथा किसानों की आय बढ़ाने में मदद मिलने की उम्मीद है। मंत्री रावल ने कहा कि जलवायु परिवर्तन के प्रभावों को कम करने के लिए नदी पुनर्जीवन, टिकाऊ जल प्रबंधन, भूजल पुनर्भरण, सूखा निवारण और जलवायु-अनुकूल खेती के क्षेत्र में अंतरराष्ट्रीय हरित वित्त और तकनीकी सहयोग महत्वपूर्ण है। इसके साथ ही आधुनिक सिंचाई, सटीक कृषि तकनीक, सूखा-प्रतिरोधी फसलों, गोदामों, कोल्ड चेन और कृषि प्रसंस्करण सुविधाओं में निवेश बढ़ाने पर जोर दिया जाएगा।
क्षेत्रीय विकास और रोजगार पर भी जोर
महाराष्ट्र सरकार का उद्देश्य नासिक, नागपुर, छत्रपति संभाजीनगर, जलगांव, धुले, कोल्हापुर, सोलापुर, अमरावती और नांदेड़ जैसे शहरों में निवेश बढ़ाकर क्षेत्रीय विकास और रोजगार के अवसरों को प्रोत्साहित करना है। प्रस्तावित सहयोग के तहत अंतरराष्ट्रीय पूंजी, तकनीक और संस्थागत विशेषज्ञता का उपयोग कृषि, ग्रामीण समुदायों और उभरते शहरों के विकास के लिए किया जाएगा।
ग्रामीण स्वास्थ्य सेवाओं के लिए त्रिपक्षीय समझौता
महाराष्ट्र सरकार, DBS बैंक इंडिया लिमिटेड और IICare फाउंडेशन के बीच प्रत्यक्ष विदेशी निवेश, वैश्विक क्षमता केंद्रों, हरित वित्तपोषण, तकनीक आधारित नवाचार और ग्रामीण स्वास्थ्य सेवाओं के विकास के लिए त्रिपक्षीय समझौता ज्ञापन पर हस्ताक्षर किए गए। इसके तहत ग्रामीण और दुर्गम क्षेत्रों में किफायती स्वास्थ्य सेवाओं, टेलीमेडिसिन, डिजिटल स्वास्थ्य तकनीक तथा आधुनिक चिकित्सा सुविधाओं का विस्तार करने पर जोर रहेगा। समझौते पर राज्य सरकार की ओर से सचिव डॉ. राजेश गवांदे, DBS बैंक इंडिया लिमिटेड की ओर से कार्यकारी निदेशक राजीव बग्गा और IICare फाउंडेशन की ओर से मुख्य कार्यकारी अधिकारी विठ्ठल भापकर ने हस्ताक्षर किए। इस अवसर पर बैंक और फाउंडेशन के प्रतिनिधियों के साथ राज्य सरकार के वरिष्ठ अधिकारी भी उपस्थित थे।
