कहा– शिक्षा कोई विशेषाधिकार नहीं, भारत के हर छात्र का अधिकार

नासिक। कांग्रेस नेता राहुल गांधी ने गुरुवार को नासिक में अपनी मांगों को लेकर आंदोलन कर रहे आदिवासी छात्र-छात्राओं के प्रतिनिधिमंडल से मुलाकात कर उनकी समस्याएं और मांगें सुनीं। प्रतिनिधिमंडल में अपनी मांगों को लेकर भूख हड़ताल कर रहे आदिवासी छात्र भी शामिल थे। राहुल गांधी ने विद्यार्थियों से बातचीत कर उनकी समस्याओं की जानकारी ली और शिक्षा के लिए सम्मानजनक, सुरक्षित तथा अनुकूल वातावरण उपलब्ध कराने की आवश्यकता पर जोर दिया। आदिवासी विद्यार्थियों से मुलाकात के बाद राहुल गांधी ने कहा कि हर छात्र को पढ़ाई के लिए सम्मानजनक, सुरक्षित और अनुकूल माहौल मिलना उसका अधिकार है। वंचित समुदायों से आने वाले विद्यार्थियों को व्यवस्था की अनदेखी नहीं, बल्कि सहयोग और हरसंभव सहायता की जरूरत है। उन्होंने कहा, “शिक्षा कोई विशेषाधिकार नहीं है, यह भारत के हर छात्र का अधिकार है।” आदिवासी युवाओं की समस्याओं और उनकी मांगों को गंभीरता से सुना जाना चाहिए तथा उनके भविष्य और शिक्षा से जुड़े मुद्दों का समाधान प्राथमिकता के आधार पर होना चाहिए। आदिवासी छात्रों की मांगों को लेकर कांग्रेस ने भी सरकार और व्यवस्था पर सवाल उठाए हैं। पार्टी का कहना है कि विद्यार्थियों की मांगों की अनदेखी उनके भविष्य के साथ अन्याय होने के साथ सामाजिक न्याय और समान अवसर की अवधारणा के भी खिलाफ है। आदिवासी छात्र-छात्राओं को शिक्षा के समान अवसर और आवश्यक सुविधाएं उपलब्ध कराना शासन की जिम्मेदारी है। राहुल गांधी की आदिवासी विद्यार्थियों से यह मुलाकात ऐसे समय हुई है, जब छात्र अपनी विभिन्न मांगों को लेकर आंदोलन कर रहे हैं और इनमें से कुछ विद्यार्थी भूख हड़ताल पर भी बैठे हैं। विद्यार्थियों ने राहुल गांधी के समक्ष अपनी समस्याएं रखते हुए उनके समाधान के लिए पहल किए जाने की मांग की।

