
यवतमाल। सरकारी विभागों द्वारा विभिन्न विकास कार्यों के बकाया बिलों का समय पर भुगतान न होने से ठेकेदारों की परेशानियां लगातार बढ़ती जा रही हैं। इस आर्थिक संकट के चलते कई ठेकेदार कर्ज के बोझ तले दबते जा रहे हैं और कुछ मामलों में इसके गंभीर परिणाम भी सामने आ चुके हैं। इसी पृष्ठभूमि में एक चौंकाने वाला मामला सामने आया है, जहां बढ़ते कर्ज और बकाया भुगतान की मजबूरी ने एक सरकारी ठेकेदार को चोरी जैसा अपराध करने पर मजबूर कर दिया। यह घटना गुरुवार सुबह आर्णी रोड पर हुई 9 लाख रुपये की चोरी के बाद उजागर हुई। अवधूतवाड़ी पुलिस स्टेशन की विशेष जांच टीम ने त्वरित कार्रवाई करते हुए औपचारिक मामला दर्ज होने से पहले ही आरोपी को गिरफ्तार कर लिया, जिसे पुलिस की तेज और प्रभावी कार्यशैली के रूप में देखा जा रहा है। चोरी आर्णी रोड स्थित पांढरकवड़ा रोड निवासी साबिर हुसैन भरमल की हार्डवेयर दुकान में हुई। भरमल रोज की तरह सुबह करीब 9:30 बजे दुकान खोलने पहुंचे थे और बैंक में जमा करने के लिए घर से लाया गया नकदी से भरा बैग काउंटर पर रख दिया था। उसी दौरान एक ग्राहक दुकान में आया और जैसे ही भरमल सामान निकालने के लिए मुड़े, आरोपी ने मौके का फायदा उठाकर नकदी से भरा बैग उठाया और फरार हो गया। चोरी का पता चलते ही भरमल ने तुरंत पुलिस को सूचना दी। पुलिस ने दुकान और आसपास के क्षेत्रों के सीसीटीवी फुटेज खंगाले, लेकिन आरोपी ने चेहरा और शरीर पूरी तरह ढका हुआ था, जिससे पहचान में कठिनाई आई। इसके बाद पुलिस ने दुकान के कर्मचारियों और मजदूरों से पूछताछ शुरू की, जिसमें यह जानकारी सामने आई कि कुछ मजदूर तलेगांव-भारी गांव के हैं। इस सुराग के आधार पर पुलिस टीम गांव पहुंची, जहां अपराध में इस्तेमाल किया गया वाहन बरामद हुआ। वाहन के जरिए पुलिस आरोपी तक पहुंची और उसे हिरासत में ले लिया। आरोपी की पहचान तलेगांव-भारी गांव के उप सरपंच दिनेश भाऊराव मंडले के रूप में हुई। जांच में सामने आया कि दिनेश मंडले साबिर हुसैन के यहां दूध सप्लायर का काम करते थे और अपने गांव में सड़क निर्माण का सरकारी ठेका लिया था, जिसका भुगतान लंबे समय से बकाया था। भुगतान न मिलने के कारण वह भारी आर्थिक दबाव में थे और लेनदारों की लगातार मांगों से जूझ रहे थे। पुलिस के अनुसार, मंडले काफी समय से भरमल की दिनचर्या पर नजर रखे हुए थे और गुरुवार सुबह मौका मिलते ही उन्होंने चोरी को अंजाम दिया। पुलिस ने आरोपी के पास से चोरी किए गए पूरे 9 लाख रुपये का बैग बरामद कर लिया है। इस मामले की जांच अवधूतवाड़ी पुलिस स्टेशन के प्रभारी नंदकिशोर काले और सहायक निरीक्षक श्रीकांत जिंदमवार के नेतृत्व में की गई। आरोपी गांव का एक सम्मानित व्यक्ति होने के कारण पुलिस ने सभी ठोस सबूत जुटाने के बाद ही आगे की कानूनी कार्रवाई शुरू की है।



