
मुंबई। मुंबई क्रिकेट असोसिएशन द्वारा गुरुवार को महान क्रिकेटरों के योगदान को सम्मानित करने की पहल की मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने सराहना की है। उन्होंने कहा कि ऐतिहासिक वानखेड़े स्टेडियम जैसे स्थल पर इस प्रकार का सम्मान सबसे उपयुक्त है। इस अवसर पर मुख्यमंत्री के हाथों स्टेडियम के विभिन्न गेटों का नामकरण पूर्व क्रिकेटरों एकनाथ सोलकर, डायना एडुलजी और दिलीप सरदेसाई के नाम पर किया गया, जबकि एक स्टैंड का उद्घाटन रवि शास्त्री के नाम से किया गया। समारोह में आशिष शेलार, क्रिकेट दिग्गज सुनील गावस्कर, दिलीप वेंगसरकर, रवि शास्त्री, डायना एडुलजी और सूर्यकुमार यादव सहित कई गणमान्य लोग उपस्थित रहे। इसके अलावा अंजिक्य नाईक, जितेंद्र आव्हाड, उन्मेष खानविलकर, अरमान मलिक और अभिनेता जैकी श्रॉफ भी कार्यक्रम में शामिल हुए। मुख्यमंत्री फडणवीस ने अपने संबोधन में सुनील गावस्कर, दिलीप वेंगसरकर, एकनाथ सोलकर, डायना एडुलजी, दिलीप सरदेसाई और रवि शास्त्री के योगदान का विशेष उल्लेख किया। उन्होंने कहा कि गावस्कर ने बिना हेलमेट के तेज गेंदबाजों का सामना कर भारतीय क्रिकेट को नई दिशा दी, जबकि वेंगसरकर ने कठिन परिस्थितियों में टीम को संभाला।
उन्होंने एकनाथ सोलकर की बेहतरीन फील्डिंग और दिलीप सरदेसाई के विदेशों में शानदार प्रदर्शन को भारतीय क्रिकेट की पहचान बताया। वहीं महिला क्रिकेट में डायना एडुलजी के योगदान की सराहना करते हुए उन्होंने कहा कि आज महिला क्रिकेट लगातार आगे बढ़ रहा है। रवि शास्त्री की खिलाड़ी, कोच और कमेंटेटर के रूप में बहुआयामी भूमिका की भी उन्होंने प्रशंसा की।
आधुनिक खिलाड़ियों और अधोसंरचना पर जोर
मुख्यमंत्री ने सूर्यकुमार यादव की अभिनव बल्लेबाजी शैली की सराहना करते हुए उन्हें “360 डिग्री खिलाड़ी” बताया। उन्होंने कहा कि मुंबई के छोटे क्रिकेट मैदानों के संरक्षण और पुराने लीज मामलों के समाधान के लिए राज्य सरकार प्रतिबद्ध है। साथ ही, 60,000 से 80,000 दर्शकों की क्षमता वाला एक अत्याधुनिक स्टेडियम बनाने के लिए हरसंभव सहयोग का आश्वासन दिया।हालांकि, उन्होंने स्पष्ट किया कि नए स्टेडियम बनने के बावजूद वानखेड़े स्टेडियम का महत्व हमेशा बना रहेगा। इस मौके पर आशिष शेलार ने इसे मुंबई क्रिकेट के इतिहास का स्वर्णिम क्षण बताया। उन्होंने कहा कि यह पहल महान खिलाड़ियों के योगदान को सम्मानित करने का उचित माध्यम है। शेलार ने डायना एडुलजी के योगदान को उल्लेखनीय बताते हुए दिलीप सरदेसाई को “जनरेशन टुगेदर” क्रिकेट लीजेंड कहा। साथ ही, एकनाथ सोलकर की फील्डिंग और जीवन संघर्ष को प्रेरणादायक बताते हुए रवि शास्त्री को “चैंपियन ऑफ चैंपियंस” बताया। उन्होंने कहा कि वानखेड़े स्टेडियम पर मुंबई के खिलाड़ियों ने कई ऐतिहासिक उपलब्धियां हासिल की हैं, जो आज भी नई पीढ़ी के लिए प्रेरणा बनी हुई हैं।




