रायगढ़ के मारल में बनेगा जिले का पहला अत्याधुनिक ‘स्टार गेजिंग सेंटर’
हरिहरेश्वर प्रदक्षिणा मार्ग के विकास और सौंदर्यीकरण की भी योजना, मंत्री अदिति तटकरे ने अधिकारियों को स्थल निरीक्षण कर प्रस्ताव जल्द पेश करने के दिए निर्देश

मुंबई। रायगढ़ जिले का पहला अत्याधुनिक खगोलीय निरीक्षण केंद्र (Star Gazing Centre) मारळ में स्थापित किया जाएगा। इसके साथ ही श्री हरिहरेश्वर मंदिर के प्रदक्षिणा मार्ग का विकास एवं सौंदर्यीकरण किया जाएगा। महिला एवं बाल विकास मंत्री अदिति तटकरे ने हरिहरेश्वर में विकसित की जाने वाली बुनियादी सुविधाओं को नए सिरे से निर्धारित करने और मारळ में प्रस्तावित खगोलीय निरीक्षण केंद्र के लिए अधिकारियों को मौके पर जाकर क्षेत्रीय निरीक्षण करने के निर्देश दिए हैं। मंगलवार को मंत्रालय में भारत स्वदेश के अंतर्गत हरिहरेश्वर प्रदक्षिणा मार्ग के विकास और मारल में प्रस्तावित स्टार गेजिंग सेंटर को लेकर आयोजित बैठक में मंत्री अदिति तटकरे ने संबंधित अधिकारियों के साथ परियोजनाओं की समीक्षा की। बैठक में पर्यटन संचालनालय की उप अभियंता सोनिया महिंद सहित संबंधित अधिकारी उपस्थित रहे। मंत्री तटकरे ने कहा कि मारळ का पर्यटन की दृष्टि से सर्वांगीण विकास करने के प्रयास किए जा रहे हैं। समुद्र तट, धार्मिक विरासत, प्राकृतिक सौंदर्य, ग्रामीण जीवनशैली और स्थानीय अर्थव्यवस्था को एक साथ जोड़कर मारल को एकीकृत पर्यटन केंद्र के रूप में विकसित करने की योजना है। उन्होंने कहा कि मारळ के आसपास स्थित हरिहरेश्वर, श्रीवर्धन, दिवेआगर और आरावी जैसे पर्यटन स्थलों का भी विकास हो रहा है। श्रीवर्धन तालुका को पर्यटन तालुका घोषित किया गया है। हरिहरेश्वर ‘दक्षिण काशी’ के रूप में प्रसिद्ध है। इसी धार्मिक विरासत को ध्यान में रखते हुए मारल और आसपास के क्षेत्र को धार्मिक एवं पर्यटन की दृष्टि से विकसित करने पर जोर दिया जा रहा है। हरिहरेश्वर मंदिर के प्रदक्षिणा मार्ग के विकास और सौंदर्यीकरण के दौरान तैयार की जाने वाली बुनियादी सुविधाओं की रूपरेखा को नए सिरे से तय करने के निर्देश भी दिए गए। इसका उद्देश्य यहां आने वाले श्रद्धालुओं और पर्यटकों के लिए आवश्यक सुविधाओं को बेहतर बनाना है। मारल में प्रस्तावित स्टार गेजिंग सेंटर रायगढ़ जिले का पहला उन्नत खगोलीय निरीक्षण केंद्र होगा। मंत्री तटकरे ने संबंधित अधिकारियों को प्रस्तावित स्थल का प्रत्यक्ष निरीक्षण करने और परियोजना से जुड़ी सभी आवश्यक बातों को प्रस्ताव में शामिल करने के निर्देश दिए। उन्होंने अधिकारियों से कहा कि क्षेत्रीय निरीक्षण के बाद सभी आवश्यक पहलुओं को समाहित करते हुए विस्तृत प्रस्ताव तैयार कर पर्यटन विभाग के समक्ष तत्काल प्रस्तुत किया जाए, ताकि परियोजना को आगे बढ़ाने की प्रक्रिया में तेजी लाई जा सके।
