
देवेश प्रताप सिंह राठौर
झांसी। उत्तर प्रदेश सरकार द्वारा संचालित विश्वकर्मा श्रम सम्मान योजना के अंतर्गत गुरू–शिष्य परंपरा को सुदृढ़ करने के उद्देश्य से 11 ट्रेडों में चयनित लाभार्थियों को 10 दिवसीय प्रशिक्षण दिया जाता है। प्रशिक्षण पूर्ण होने के उपरांत प्रत्येक प्रशिक्षार्थी को 4500 रुपए का मानदेय, आरपीएल (Recognition of Prior Learning) प्रमाणीकरण प्रमाण-पत्र तथा संबंधित ट्रेड की टूलकिट प्रदान की जाती है, ताकि वे अपने स्वयं के रोजगार अथवा व्यवसाय की शुरुआत कर सकें। इसी क्रम में आज झांसी में दर्जी ट्रेड के 200 प्रशिक्षार्थियों को उत्तर प्रदेश सरकार द्वारा उपलब्ध कराई गई टूलकिट का वितरण किया गया। टूलकिट वितरण कार्यक्रम माननीय सदस्य विधान परिषद श्री रामतीर्थ सिंघल के कर-कमलों से संपन्न हुआ। इस अवसर पर अपने संबोधन में माननीय श्री रामतीर्थ सिंघल ने कहा कि सरकार द्वारा दी जा रही टूलकिट केवल सहायता नहीं, बल्कि आत्मनिर्भरता की दिशा में एक मजबूत आधार है। उन्होंने प्रशिक्षार्थियों से आग्रह किया कि वे इस टूलकिट का उपयोग कर अपना स्वयं का व्यवसाय शुरू करें और इसे अपनी आजीविका का स्थायी साधन बनाएं। कार्यक्रम का संचालन उपायुक्त उद्योग श्री मनीष चौधरी द्वारा किया गया। कार्यक्रम के अंत में सहायक आयुक्त उद्योग श्री अतुल कुमार पाण्डेय ने सभी उपस्थित अधिकारियों, कर्मचारियों और प्रतिभागियों का आभार व्यक्त करते हुए कार्यक्रम का समापन किया। इस अवसर पर मोहम्मद जहीर उद्दीन सिद्दीकी (सहायक आयुक्त उद्योग), अजय कुमार पस्तोर, संतोष कुमार, रामबाबू रायकवार, श्रीमती निधि हयारण सहित अन्य अधिकारी एवं कर्मचारी उपस्थित रहे।




