
पुणे। राज्य के उच्च एवं तकनीकी शिक्षा मंत्री और वरिष्ठ भाजपा नेता चंद्रकांत पाटिल ने भरोसा जताया है कि भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी) के नेतृत्व वाला महायुति गठबंधन आगामी नगर निगम चुनावों में पश्चिमी महाराष्ट्र के सभी पांच प्रमुख नगर निगमों पर अपना नियंत्रण बनाए रखेगा। उन्होंने दावा किया कि 15 जनवरी को होने वाले चुनावों में महायुति को न सिर्फ पश्चिमी महाराष्ट्र, बल्कि राज्य के सभी 29 नगर निगमों में मेयर पद हासिल होगा। रविवार को मीडिया से बातचीत में पाटिल ने कहा कि मुंबई सहित कुछ शहरों में विपक्ष द्वारा उठाए जा रहे क्षेत्रीय और भाषाई मुद्दों का चुनावी परिणामों पर कोई खास असर नहीं पड़ेगा। उनके अनुसार, मराठी और गैर-मराठी—दोनों वर्गों के मतदाता महायुति के साथ मजबूती से खड़े हैं। चंद्रकांत पाटिल पुणे, पिंपरी-चिंचवड़, कोल्हापुर, सांगली और इचलकरंजी नगर निगमों के चुनावी प्रबंधन और रणनीति की निगरानी कर रहे हैं। उल्लेखनीय है कि 2017 के नगर निगम चुनावों के बाद इन सभी नगर निकायों में बीजेपी सत्ता में आई थी।
पुणे और पिंपरी-चिंचवड़ में बड़ी जीत का दावा
पाटिल ने कहा कि पार्टी के आंतरिक सर्वे और मूल्यांकन से इन नगर निगमों में निर्णायक बढ़त के संकेत मिल रहे हैं। उन्होंने दावा किया कि 165 सदस्यीय पुणे नगर निगम में बीजेपी बेहद मजबूत स्थिति में है। उन्होंने कहा, “हमें कम से कम 115 सीटें जीतने का भरोसा है, इससे कम नहीं। यह आकलन राज्य बीजेपी अध्यक्ष रवींद्र चव्हाण द्वारा किए गए विस्तृत निर्वाचन क्षेत्र और वार्ड-स्तरीय मूल्यांकन की हालिया समीक्षा पर आधारित है। पाटिल ने यह भी कहा कि चव्हाण द्वारा सुझाए गए सुधारात्मक कदमों के बाद बीजेपी को कम से कम 10 और सीटों का फायदा मिल सकता है। पिंपरी-चिंचवड़ नगर निगम को लेकर उन्होंने कहा कि 128 सीटों में से बीजेपी को लगभग 80 सीटें मिलने की उम्मीद है, जबकि स्थानीय नेताओं का अनुमान है कि यह आंकड़ा 85 तक भी जा सकता है। पुणे में बीजेपी लगभग स्वतंत्र रूप से चुनाव लड़ रही है और केवल कुछ सीटें रिपब्लिकन पार्टी ऑफ इंडिया (ए) के साथ साझा की गई हैं। शिवसेना (शिंदे गुट) के साथ सीट-बंटवारे पर सहमति नहीं बन पाने के कारण वहां गठबंधन नहीं हो सका। कोल्हापुर में बीजेपी, शिवसेना और राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (एनसीपी) मिलकर चुनाव लड़ रही हैं। पाटिल ने इसे “तीनों दलों का परफेक्ट गठबंधन” बताया। उन्होंने कहा कि 81 सीटों में से महायुति को लगभग 65 सीटें मिलने की उम्मीद है और सीट-बंटवारे की व्यवस्था चाहे जैसी भी हो, मेयर पद गठबंधन के पास ही रहेगा। इचलकरंजी नगर पालिका को लेकर पाटिल ने दावा किया कि 65 सीटों में से बीजेपी 55 सीटें जीतेगी।
सांगली और सोलापुर में भी आत्मविश्वास
सांगली में विपक्षी दलों के मजबूत नेताओं- एनसीपी (एसपी) के जयंत पाटिल, कांग्रेस विधायक विश्वजीत कदम, पूर्व बीजेपी सांसद और एनसीपी नेता संजय काका पाटिल तथा मौजूदा सांसद विशाल पाटिल की मौजूदगी को स्वीकार करते हुए भी पाटिल ने कहा कि बीजेपी के नेतृत्व वाला गठबंधन अपने पिछले प्रदर्शन से बेहतर करेगा।
उन्होंने कहा कि पार्टी को 78 में से कम से कम 45 सीटें मिलने का भरोसा है, जिसमें बीजेपी के चुनाव चिन्ह पर चुनाव लड़ रही आरपीआई की सीटें भी शामिल हैं। उन्होंने स्पष्ट किया कि सांगली में शिवसेना गठबंधन का हिस्सा नहीं है। सोलापुर को लेकर उठाई जा रही आंतरिक चुनौतियों की बातों को खारिज करते हुए पाटिल ने कहा कि मतभेदों के बावजूद कोई भी नेता पार्टी हितों के खिलाफ काम नहीं कर रहा है। उन्होंने कहा कि विपक्ष अभी भी बिखरा हुआ है, जबकि पिछले चुनाव के बाद से जिले में बीजेपी की विधायी ताकत और मजबूत हुई है। कुल मिलाकर महाराष्ट्र के नगर निगम चुनावों को लेकर चंद्रकांत पाटिल ने बड़ा दावा करते हुए कहा कि महायुति गठबंधन राज्य के सभी 29 नगर निगमों में जीत हासिल करेगा और हर जगह मेयर पद पर गठबंधन का ही कब्जा रहेगा।



