
मुंबई। महाराष्ट्र की राजनीति में इन दिनों राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (एनसीपी) के राष्ट्रीय अध्यक्ष पद को लेकर चर्चाएं तेज हो गई हैं। अजित पवार के आकस्मिक निधन के बाद यह अटकलें लगाई जा रही थीं कि पार्टी की कमान प्रफुल्ल पटेल को सौंपी जा सकती है। इसी बीच, महाराष्ट्र नवनिर्माण सेना (एमएनएस) प्रमुख राज ठाकरे के बयान ने इस मुद्दे को और गर्मा दिया है। राज ठाकरे ने कहा था कि एनसीपी मराठी मिट्टी से उभरी संघर्षशील कार्यकर्ताओं की पार्टी है, इसलिए पार्टी का अध्यक्ष मराठी होना चाहिए। उन्होंने यह भी कहा कि वह ‘पाटील’ हो सकता है, लेकिन ‘पटेल’ नहीं। राज ठाकरे के इस बयान पर कड़ा पलटवार करते हुए प्रफुल्ल पटेल ने मंगलवार को स्पष्ट किया कि एनसीपी का राष्ट्रीय अध्यक्ष वह नहीं होंगे। उन्होंने कहा कि पार्टी का अगला राष्ट्रीय अध्यक्ष कोई और होगा।
राज ठाकरे पर बरसे प्रफुल्ल पटेल
राज ठाकरे की टिप्पणी पर नाराजगी जताते हुए प्रफुल्ल पटेल ने कहा- राज ठाकरे का मेरी पार्टी से क्या संबंध है? क्या वह हमारी पार्टी के सदस्य हैं? क्या राज ठाकरे या सुबह ९ बजे का बुलेटिन (संजय राउत) तय करेंगे कि हमारी पार्टी का विधायक दल का नेता और राष्ट्रीय अध्यक्ष कौन होगा? उन्होंने कहा कि बाहरी लोगों को यह तय करने का कोई अधिकार नहीं है कि एनसीपी में नेतृत्व किसके हाथ में होगा। प्रफुल्ल पटेल ने कहा कि कार्यकारी अध्यक्ष होने के नाते अजित पवार के बाद पार्टी के नए नेतृत्व को लेकर निर्णय लेना उनकी जिम्मेदारी है। उन्होंने कहा- हम सही फैसला लेने की प्रक्रिया में हैं। फिलहाल हमने विधायक दल के नेता और उपमुख्यमंत्री का चयन कर लिया है। अब पार्टी स्थिर होने के बाद राष्ट्रीय स्तर पर आगे की रणनीति और अन्य मुद्दों पर विचार किया जाएगा।
राष्ट्रीय अध्यक्ष की रेस से खुद को किया अलग
प्रफुल्ल पटेल ने यह भी साफ किया कि वह कभी भी राष्ट्रीय अध्यक्ष पद की दौड़ में नहीं रहे हैं।
उन्होंने कहा- एनसीपी का राष्ट्रीय अध्यक्ष मेरे अलावा कोई भी हो सकता है। कुछ लोग झूठी खबरें फैला रहे हैं। मैंने या हमारी पार्टी के किसी भी नेता ने कभी नहीं कहा कि मैं इस पद की दौड़ में हूं। गौरतलब है कि २८ जनवरी को बारामती में हुए विमान हादसे में उपमुख्यमंत्री अजित पवार का निधन हो गया था। इसके बाद ३१ जनवरी को उनकी पत्नी सुनेत्रा पवार को सर्वसम्मति से एनसीपी विधायक दल का नेता चुना गया और बाद में उन्होंने उपमुख्यमंत्री पद की शपथ ली।




