तटकरे बोले – ऐसी घटनाएं सरकार की छवि खराब करती हैं

मुंबई। राज्य के अन्न एवं औषधि प्रशासन मंत्री नरहरी झिरवळ फिलहाल एक विवाद में घिर गए हैं। उनके मंत्रालय में कार्यरत एक कर्मचारी को रिश्वत लेते हुए रंगेहाथ पकड़ा गया है। लाचलुचपत प्रतिबंधक विभाग (एसीबी) ने मंत्रालय में ट्रैप लगाकर संबंधित कर्मचारी को गिरफ्तार किया। इस घटना के बाद राजनीतिक हलकों में हलचल मच गई है और मंत्रियों के दफ्तरों में ऐसी घटनाएं होने पर सवाल उठाए जा रहे हैं। इस प्रकरण पर मंत्री नरहरी झिरवळ ने मीडिया के सामने आकर अपना पक्ष रखा। वहीं, राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी के प्रदेशाध्यक्ष सुनील तटकरे से जब इस मामले पर सवाल किया गया तो उन्होंने नरहरी झिरवळ सहित सभी मंत्रियों को महत्वपूर्ण सलाह दी। सुनील तटकरे ने कहा कि ऐसी घटनाओं से सरकार और संबंधित मंत्री की छवि प्रभावित होती है। उन्होंने कहा कि मंत्री कार्यालय में नियुक्त किए जाने वाले स्टाफ की जांच-परख जरूरी है और स्पष्ट निर्देश दिए जाने चाहिए कि इस तरह की घटनाओं को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। उन्होंने कहा कि ऐसी घटनाओं का असर सरकार की छवि पर भी पड़ता है, इसलिए सभी को सावधानी बरतनी चाहिए। राष्ट्रवादी कांग्रेस के सभी विधायकों और प्रमुख नेताओं की बैठक उपमुख्यमंत्री सुनेत्रा पवार की अध्यक्षता में सोमवार शाम आयोजित की गई थी। यह बैठक उनके सरकारी निवास ‘देवगिरी’ में हुई। पिछले कुछ दिनों से नरहरी झिरवळ के संपर्क में न होने की खबरें सामने आ रही थीं, ऐसे में इस बैठक में उनकी मौजूदगी पर सभी की नजरें थीं। नरहरी झिरवळ बैठक में शामिल हुए। इस संबंध में सुनील तटकरे ने बताया कि बैठक का मुख्य उद्देश्य पार्टी में एकता बनाए रखना और संगठन को मजबूत करने का संदेश देना था। उन्होंने कहा कि उपमुख्यमंत्री सुनेत्रा पवार के नेतृत्व पर विश्वास व्यक्त किया गया और सभी नेताओं ने उनके पीछे मजबूती से खड़े रहने का निर्णय लिया।




