बीएमसी H/पूर्व का ‘स्वच्छता’ या ‘अस्वच्छता’ अभियान?

खार रोड स्टेशन के पास शौचालय की बदहाली ने खोली पोल, शिकायत के बाद भी सुधार नहीं; घनकचरा विभाग के सहायक अभियंता वैभव विरारी की कार्यप्रणाली पर सवाल, सहायक आयुक्त मृदुला अंडे के प्रशासन में स्वच्छता व्यवस्था बेहाल


अशोक श्रीवास्तव
मुंबई। देशभर में प्रधानमंत्री के जन्मदिन के अवसर पर सेवा पखवाड़ा/सेवा अभियान के तहत स्वच्छता सहित विभिन्न गतिविधियां आयोजित की जा रही हैं, लेकिन देश की आर्थिक राजधानी मुंबई में रेलवे स्टेशन के पास एक सार्वजनिक शौचालय की बदहाल स्थिति बीएमसी की स्वच्छता व्यवस्था पर सवाल खड़े कर रही है। बीएमसी H/पूर्व विभाग के वार्ड क्रमांक 95 में खार रोड रेलवे स्टेशन के पास बीएमसी बीट चौकी से सटे शौचालय में फैली गंदगी और दुर्गंध से रोजाना यहां से गुजरने वाले यात्रियों और स्थानीय नागरिकों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। मौके की तस्वीरें शौचालय की स्थिति बयां कर रही हैं। दीवारों और दरवाजों पर गंदगी के निशान हैं और पूरा परिसर लंबे समय से साफ-सफाई के अभाव में बदहाल दिखाई देता है। जिस जगह से प्रतिदिन बड़ी संख्या में यात्री गुजरते हैं, वहां सार्वजनिक शौचालय की ऐसी स्थिति बीएमसी के स्वच्छता संबंधी दावों पर प्रश्नचिह्न लगा रही है। इस व्यवस्था को लेकर H/पूर्व विभाग के घनकचरा प्रबंधन विभाग के सहायक अभियंता वैभव विरारी की कार्यप्रणाली पर भी सवाल उठ रहे हैं। स्थानीय स्तर पर शिकायत किए जाने के बावजूद शौचालय की स्थिति में अपेक्षित सुधार नहीं होने की बात सामने आ रही है। सवाल है कि नियमित सफाई और निरीक्षण की जिम्मेदारी किसकी है और शिकायत मिलने के बाद संबंधित अधिकारी ने क्या कार्रवाई की? शौचालय की बदहाली ने H/पूर्व विभाग की सहायक आयुक्त मृदुला अंडे की प्रशासनिक व्यवस्था पर भी सवाल खड़े किए हैं। रेलवे स्टेशन जैसे व्यस्त इलाके में सार्वजनिक शौचालय की सफाई तक सुनिश्चित नहीं हो पा रही है तो विभाग में स्वच्छता कार्यों की निगरानी किस स्तर पर की जा रही है?
सबसे अधिक परेशानी उन यात्रियों को हो रही है जिन्हें मजबूरी में इस सार्वजनिक सुविधा का इस्तेमाल करना पड़ता है। गंदगी और दुर्गंध के कारण शौचालय का उपयोग मुश्किल होने से विशेषकर रोजाना स्टेशन आने-जाने वाले लोगों के सामने मूत्र त्याग जैसी बुनियादी आवश्यकता को लेकर समस्या पैदा हो रही है। विडंबना यह है कि एक ओर स्वच्छता और जनसेवा को लेकर अभियान चलाए जा रहे हैं, वहीं दूसरी ओर मुंबई के व्यस्त रेलवे स्टेशन के पास मौजूद सार्वजनिक शौचालय की यह हालत जमीनी व्यवस्था की अलग तस्वीर पेश कर रही है। अब सवाल है कि H/पूर्व विभाग केवल स्वच्छता अभियानों के दावे करेगा या खार रोड स्टेशन के पास इस शौचालय की तत्काल सफाई और नियमित रखरखाव सुनिश्चित कर जिम्मेदार अधिकारियों की जवाबदेही भी तय करेगा?

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *