
मुंबई। वकोला पुलिस ने एक बुजुर्ग कपड़ा व्यापारी के अपहरण के मामले को सफलतापूर्वक सुलझाते हुए कांदिवली और राम मंदिर इलाके से तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने व्यापारी को भी सकुशल बचा लिया है। व्यापारी अक्सर कच्छ और मुंबई के बीच यात्रा करता था। 20 फरवरी को मुंबई पहुंचने पर एक परिचित ने उसे व्यापारिक चर्चा के बहाने बुलाया और अपने दो साथियों की मदद से उसका अपहरण कर लिया। आरोपियों ने व्यापारी के बेटे से 25 लाख रुपये की फिरौती मांगी। शिकायत मिलने पर वकोला पुलिस ने जांच शुरू की और सीसीटीवी फुटेज के आधार पर अपराधियों की पहचान कर उन्हें गिरफ्तार किया। पुलिस के मुताबिक, सीनियर इंस्पेक्टर की अगुआई में एक विशेष टीम ने ऑपरेशन को अंजाम दिया।
गिरफ्तार आरोपियों की पहचान राधेश्याम मेवालाल सोनी (30), सतीश नंदलाल यादव (33) और धर्मेंद्र रामपति रविदास (40) के रूप में हुई है। जांच में पता चला कि मुख्य आरोपी राधेश्याम पीड़ित की आर्थिक स्थिति से परिचित था और पहले भी उसके गृहनगर जाकर उसकी संपत्ति की जानकारी जुटा चुका था। उसने व्यवसायी को राम मंदिर स्टेशन के पास एक ऑफिस में बुलाया, जहां दो अन्य आरोपियों की मदद से उसका अपहरण कर लिया गया। आरोपियों ने पीड़ित के बेटे को धमकाते हुए 25 लाख रुपये की फिरौती मांगी और पुलिस को सूचना देने पर गंभीर परिणाम भुगतने की चेतावनी दी। व्यापारी को राम मंदिर इलाके में स्थित एक ऑफिस के पिछले हिस्से में बंधक बनाकर रखा गया था, जिसका आगे का हिस्सा शेयर बाजार संचालन के लिए इस्तेमाल होता था। पुलिस ने सबसे पहले कांदिवली के लालाजी पाड़ा इलाके से मुख्य आरोपी राधेश्याम को गिरफ्तार किया, जिसके बाद अन्य दो आरोपियों को भी पकड़ लिया गया। पुलिस ने पीड़ित को सुरक्षित बचा लिया और तीनों अपहरणकर्ताओं को हिरासत में लेकर आगे की जांच शुरू कर दी है।




