
छत्रपति संभाजीनगर। महाराष्ट्र में जिला परिषद चुनाव की वोटिंग प्रक्रिया के बीच छत्रपति संभाजीनगर जिले से एक चौंकाने वाली घटना सामने आई है। पैठण विधानसभा क्षेत्र से शिवसेना विधायक विलास भुमरे पर मतदान के दौरान चुनावी नियमों के उल्लंघन का आरोप लगा है। सोशल मीडिया पर सामने आए एक वीडियो में विधायक अपने बेटे के साथ पोलिंग बूथ के अंदर दिखाई दे रहे हैं, जहां उनके बेटे से कथित तौर पर ईवीएम मशीन का बटन दबवाया गया। जानकारी के अनुसार, शनिवार सुबह शुरू हुई जिला परिषद चुनाव की मतदान प्रक्रिया के दौरान विधायक विलास भुमरे अपने परिवार के साथ पचोड़ इलाके में वोट डालने पहुंचे थे। इसी दौरान उन्होंने न केवल अपने बेटे को पोलिंग बूथ के अंदर ले जाने दिया, बल्कि चुनाव अधिकारी से बेटे की उंगली पर भी स्याही लगाने को कहा। बताया जा रहा है कि अधिकारी ने विधायक के कहने पर उनके बेटे की उंगली पर भी स्याही लगा दी।
इसके बाद विधायक अपने बेटे को ईवीएम मशीन के पास ले गए और उससे बटन दबाने को कहा। इस पूरी घटना का वीडियो सामने आने के बाद चुनावी प्रक्रिया की पारदर्शिता और गंभीरता पर सवाल खड़े हो गए हैं। भारत के संविधान के अनुसार, केवल 18 वर्ष या उससे अधिक आयु के नागरिकों को मतदान का अधिकार है। इसके अलावा, पोलिंग बूथ में सिर्फ मतदाता और अधिकृत चुनाव अधिकारियों को ही प्रवेश की अनुमति होती है। बच्चों या किसी अन्य व्यक्ति को वोटिंग मशीन के पास जाने की इजाजत नहीं है। इस घटना के बाद यह भी सवाल उठ रहे हैं कि जब यह सब हो रहा था, तब मौके पर मौजूद चुनाव अधिकारियों ने हस्तक्षेप क्यों नहीं किया। नियमों के मुताबिक, इस तरह के मामले में न केवल संबंधित व्यक्ति के खिलाफ कार्रवाई हो सकती है, बल्कि ड्यूटी पर तैनात चुनाव अधिकारी के खिलाफ भी विभागीय कार्रवाई की जा सकती है। विवाद पर प्रतिक्रिया देते हुए विधायक विलास भुमरे ने कहा कि उन्होंने कोई नियम नहीं तोड़ा है और वोट उन्होंने खुद डाला है। उन्होंने सफाई दी कि उनका बेटा उनके साथ आने की जिद कर रहा था और स्याही लगाने की बात भी बच्चे की जिद पर हुई। विधायक ने कहा कि इसमें कोई बड़ी गलती नहीं हुई है। वहीं, इस पूरे मामले पर उनके पिता और सांसद संदीपन भुमरे ने कोई स्पष्ट प्रतिक्रिया देने से बचते हुए कहा कि उन्हें इस घटना की पूरी जानकारी नहीं है। इस बीच, चुनाव आयोग ने इस मामले को गंभीरता से लिया है। मुख्य चुनाव अधिकारी दिनेश वाघमारे ने कहा है कि संभाजीनगर में हुई इस घटना को लेकर विस्तृत रिपोर्ट मांगी गई है। उन्होंने स्पष्ट किया कि जांच के बाद जो भी दोषी पाया जाएगा, उसके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।




