
मुंबई। जुलाई 2023 में जयपुर-मुंबई सेंट्रल सुपरफास्ट एक्सप्रेस में चार यात्रियों की हत्या के आरोपी आरपीएफ कांस्टेबल चेतन सिंह चौधरी अब मानसिक रूप से स्वस्थ घोषित किए गए हैं, जिससे उनके खिलाफ मुकदमा दोबारा शुरू होने का रास्ता साफ हो गया है। मानसिक स्वास्थ्य समीक्षा बोर्ड (MHRB), ठाणे ने मंगलवार को सत्र अदालत को ईमेल के जरिए सूचित किया कि चेतन अब मानसिक रूप से स्थिर, सहयोगी और सामाजिक रूप से अनुकूल व्यवहार कर रहे हैं। उन्होंने नियमित दिनचर्या, स्थिर नींद और भूख के संकेत भी दिखाए हैं। यह रिपोर्ट आने के बाद अदालत ने सरकारी वकील सुधीर सपकाले से पूछा कि क्या अब चेतन को अदालत में पेश करने के लिए प्रोडक्शन वारंट जारी किया जा सकता है। हालांकि, बचाव पक्ष के वकील जयवंत पाटिल ने अदालत से थोड़ा समय मांगा ताकि वे चेतन के परिवार से परामर्श कर उसकी स्थिति की पुष्टि कर सकें। दिसंबर 2023 में चेतन की मानसिक स्थिति बिगड़ने पर अकोला जेल प्रशासन ने उन्हें नासिक मानसिक अस्पताल स्थानांतरित करने की मांग की थी, लेकिन अदालत ने उन्हें ठाणे सेंट्रल जेल भेजकर मानसिक आकलन के निर्देश दिए। 20 फरवरी को उन्हें ठाणे मानसिक अस्पताल में भर्ती किया गया, जहां एमआरआई स्कैन में मस्तिष्क में कई माइक्रोइन्फार्क्ट पाए गए थे। अप्रैल में उन्हें छुट्टी के लिए अयोग्य माना गया, लेकिन ताज़ा मूल्यांकन में उनके स्वास्थ्य में उल्लेखनीय सुधार पाया गया। इस मामले की अगली सुनवाई 17 जुलाई को होगी, जिसमें चेतन के खिलाफ मुकदमा फिर शुरू करने और प्रोडक्शन वारंट जारी करने पर निर्णय लिया जा सकता है। उल्लेखनीय है कि चेतन सिंह ने ट्रेन के बी5 कोच, पेंट्री कार और एस6 कोच में चार यात्रियों की गोली मारकर हत्या कर दी थी। मीरा रोड स्टेशन के पास आपातकालीन चेन खींचे जाने पर वह हथियार सहित पकड़ा गया था।




