
मुंबई। मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने कहा कि राज्य सरकार अन्य पिछड़ा वर्ग (ओबीसी) के हितों की रक्षा के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है और इस समुदाय के उत्थान के लिए अनेक ठोस कदम उठाए गए हैं। मुख्यमंत्री ने बताया कि महाज्योति संस्था को आवश्यक निधि उपलब्ध करा दी गई है और इस माह 1500 करोड़ रुपये वितरित किए जा चुके हैं। इसके साथ ही, ओबीसी वर्ग के विद्यार्थियों के लिए राज्यभर में 63 छात्रावासों का निर्माण पूरा हो चुका है। शनिवार को सह्याद्री अतिथिगृह में ओबीसी प्रतिनिधिमंडल के साथ हुई बैठक की अध्यक्षता मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने की। बैठक में उपमुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे, उपमुख्यमंत्री अजित पवार, राजस्व मंत्री एवं ओबीसी मंत्रिमंडल उप-समिति के अध्यक्ष चंद्रशेखर बावनकुले, खाद्य एवं नागरिक आपूर्ति मंत्री छगन भुजबल, पर्यावरण मंत्री पंकजा मुंडे, अन्य पिछड़ा वर्ग कल्याण मंत्री अतुल सावे सहित सांसद प्रशांत पडोले, विधायक परिणय फुके, विधायक विजय वडेट्टीवार और विधायक विकास ठाकरे उपस्थित थे। मुख्यमंत्री फडणवीस ने स्पष्ट किया कि राज्य सरकार कानून के दायरे में रहकर ही निर्णय लेती है। उन्होंने कहा कि “हमारा उद्देश्य किसी भी समुदाय के साथ अन्याय करना नहीं, बल्कि प्रत्येक वर्ग को न्याय दिलाना है।” उन्होंने बताया कि अन्नासाहेब पाटिल आर्थिक विकास निगम की सभी योजनाएँ अब ओबीसी निगमों में भी लागू की जा चुकी हैं, जिससे समुदाय के युवाओं को स्वरोजगार के अवसर मिल सकेंगे।
मुख्यमंत्री ने यह भी स्पष्ट किया कि मराठवाड़ा क्षेत्र के कुनबी समाज से संबंधित जाति प्रमाणपत्रों के मामलों में कानून का पूर्ण पालन किया गया है। उन्होंने कहा कि “हैदराबाद राजपत्र के अभिलेखों को प्रमाण के रूप में स्वीकार किया गया है और यह डर निराधार है कि कोई केवल विवाह या शपथ पत्र के आधार पर प्रमाणपत्र प्राप्त कर लेगा।” उन्होंने बताया कि जाति प्रमाणपत्रों की प्रक्रिया की निगरानी के लिए वंशावली समिति का गठन किया गया है और प्रमाणपत्र जारी होने के बाद उनकी वैधता की जाँच एक अलग समिति करेगी।
झूठे प्रमाणपत्र देने वालों पर सख्त कार्रवाई होगी: एकनाथ शिंदे
उपमुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे ने कहा कि सरकार किसी भी समुदाय को आरक्षण देते समय अन्य वर्गों के अधिकारों की रक्षा सुनिश्चित करेगी। उन्होंने चेतावनी दी कि “झूठे प्रमाणपत्र देना अपराध है, और ऐसे सभी मामलों में सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
सरकार का उद्देश्य किसी के साथ अन्याय नहीं: अजित पवार
उपमुख्यमंत्री अजित पवार ने कहा कि अनुसूचित जाति और जनजाति के लोग अभी भी सामाजिक रूप से वंचित हैं, इसलिए सरकार उनके उत्थान के लिए योजनाएँ चला रही है। उन्होंने कहा, “सरकार का काम किसी भी समुदाय के साथ अन्याय करना नहीं, बल्कि हर वर्ग को समान अवसर देना है।”: उन्होंने बताया कि महाज्योति और अन्य संस्थानों को सरकार समय-समय पर आवश्यक वित्तीय सहायता प्रदान करती है।
बैठक में ओबीसी कैबिनेट उप-समिति के सदस्यों और प्रतिनिधियों ने अपने सुझाव भी प्रस्तुत किए। इस अवसर पर सामाजिक न्याय विभाग के प्रधान सचिव डॉ. हर्षदीप कांबले, अन्य पिछड़ा वर्ग कल्याण विभाग के सचिव ए.बी. धुलज सहित विभिन्न विभागों के वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित थे।




