
देवेश प्रताप सिंह राठौर
झांसी, उत्तर प्रदेश। मण्डलायुक्त बिमल कुमार दुबे की अध्यक्षता में शुक्रवार को कर-करेत्तर, राजस्व, विकास कार्यों एवं कानून व्यवस्था को लेकर आयुक्त सभागार में मंडलीय समीक्षा बैठक आयोजित की गई। बैठक में झांसी मंडल के तीनों जिलों – झांसी, ललितपुर एवं जालौन – के अधिकारियों की उपस्थिति रही। मण्डलायुक्त ने मुख्यमंत्री डैशबोर्ड पर झांसी मंडल के प्रथम स्थान प्राप्त करने पर अधिकारियों को बधाई देते हुए कहा कि सरकार की मंशा है कि हर गरीब व्यक्ति तक जनकल्याणकारी योजनाओं का लाभ अनिवार्य रूप से पहुंचे। उन्होंने निर्देश दिए कि ‘जीरो पॉवर्टी अभियान’ के तहत तीनों जनपदों में 5-5 गांव पूरी तरह संतृप्त किए जाएं ताकि अंत्योदय के लक्ष्य को साकार किया जा सके।
ई-गवर्नेंस को बढ़ावा:
ललितपुर में नगर पालिकाओं में ई-गवर्नेंस के बेहतर क्रियान्वयन की सराहना करते हुए उन्होंने झांसी व जालौन को भी एक-एक नगर पंचायत से शुरुआत कर डोर-टू-डोर कचरा कलेक्शन शुरू कराने और उसकी जीपीएस ट्रैकिंग करने के निर्देश दिए। गीला व सूखा कचरा अलग-अलग एकत्र करने पर भी विशेष ध्यान देने को कहा।
सम्मान और पारदर्शिता को प्राथमिकता:
ग्राम पंचायतों में बेहतर कार्य कर रहे अधिकारियों को जिला स्तर पर सम्मानित करने की बात कही गई ताकि अन्य कर्मचारियों को भी प्रेरणा मिले। छात्रवृत्ति के संबंध में उन्होंने स्पष्ट निर्देश दिए कि हर अभ्यर्थी का सही डाटा, बैंक खाता, मोबाइल नंबर सहित अद्यतन विवरण फीड कराया जाए। दिव्यांगजनों के पेंशन संतृप्तीकरण हेतु विशेष अभियान चलाने के निर्देश दिए। सभी कस्तूरबा गांधी बालिका विद्यालयों का निर्माण कार्य पूर्ण होने पर बधाई दी गई और टेकओवर की प्रक्रिया शीघ्र पूर्ण करने को कहा गया।
श्रमिक कल्याण पर विशेष जोर:
महिला श्रमिकों को श्रम विभाग की योजनाओं से लाभान्वित करने के निर्देश दिए गए। साथ ही श्रमिक बेटियों की शादी हेतु अनुदान योजना का प्रचार-प्रसार व्यापक स्तर पर करने, श्रमिक पंजीकरण बढ़ाने व विश्वकर्मा श्रम सम्मान योजना के आवेदनों को सतत रूप से स्वीकार करने के निर्देश भी दिए। तीनों जनपदों में पोषण पोटली का वितरण अनिवार्य करने व नर्सिंग होम्स का लाइसेंस नवीनीकरण सुनिश्चित कराने को कहा गया। आकांक्षात्मक ब्लॉकों में कार्य न कर रहे चिकित्सा अधिकारियों पर कार्यवाही के निर्देश भी दिए। “पर ड्रॉप मोर क्रॉप” योजना में झांसी मंडल के प्रथम आने पर प्रसन्नता जताई गई। प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना का लाभ प्रत्येक पात्र किसान को दिलाने पर जोर दिया गया। खेत तालाब योजना में लक्ष्य के अनुरूप तैयारी करने के निर्देश भूमि संरक्षण विभाग को दिए।
जन शिकायत समाधान:
आईजीआरएस व सीएम हेल्पलाइन पोर्टल पर शिकायतों के गुणवत्तापूर्ण निस्तारण पर विशेष बल दिया गया और कहा गया कि असंतोषजनक फीडबैक पर संबंधित अधिकारियों पर कार्यवाही की जाएगी। गैंगस्टर एक्ट के मामलों में प्रभावी कार्रवाई के निर्देश दिए गए। पशु तस्करी, जुआ-सट्टा, भू-माफिया व अवैध खनन पर रोक लगाने, ओवरलोड वाहनों पर नियंत्रण, दुर्घटना-प्रवण क्षेत्रों में एनएचएआई के साथ पेट्रोलिंग बढ़ाने के आदेश भी दिए गए।
बैठक में उपस्थित अधिकारी:
डीआईजी केशव कुमार चौधरी, तीनों जिलों के जिलाधिकारी, एसएसपी, सीडीओ, अपर आयुक्त, संयुक्त विकास आयुक्त, उप निदेशकगण, यूनिसेफ, शिक्षा, स्वास्थ्य, पीडब्ल्यूडी, बिजली, पशुपालन सहित सभी संबंधित मंडलीय अधिकारी उपस्थित रहे। बैठक में प्रशासनिक पारदर्शिता, विकास योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन, गरीबों तक पहुंच, स्वास्थ्य, शिक्षा, श्रमिक कल्याण और कानून व्यवस्था को समग्र दृष्टिकोण से मजबूत करने पर व्यापक चर्चा हुई। मण्डलायुक्त ने स्पष्ट किया कि सरकार की प्राथमिकता जनता तक योजनाओं की पहुंच और सुशासन सुनिश्चित करना है।




