
झांसी, उत्तर प्रदेश। संस्कृति विभाग उत्तर प्रदेश द्वारा शुक्रवार को अन्तर्राष्ट्रीय बौद्ध शोध संस्थान एवं जिला प्रशासन के संयुक्त तत्वावधान में “हर घर तिरंगा” कार्यक्रम के अन्तर्गत विभाजन विभीषिका स्मृति दिवस विषय पर अभिलेख एवं छायाचित्र प्रदर्शनी का आयोजन राजकीय संग्रहालय में किया गया। कार्यक्रम में 1947 में देश के विभाजन के समय विस्थापित होकर झांसी में निवासरत आदरणीय श्रीमती सुरिन्दर कौर को शॉल एवं स्मृति चिन्ह भेंट कर सम्मानित किया गया। इस अवसर पर जिला पंचायत अध्यक्ष पवन गौतम ने कहा कि भारत का विभाजन अभूतपूर्व मानव विस्थापन और पलायन की दर्दनाक गाथा है। उन्होंने कहा कि बच्चों को इतिहास की जानकारी देना आवश्यक है ताकि वे बलिदानों और संघर्षों से प्रेरणा ले सकें। उन्होंने बताया कि वर्तमान सरकार ने वीर साहबजादों की कुर्बानियों को वीर बाल दिवस के रूप में मनाकर एक महत्वपूर्ण कदम उठाया है। अंतर्राष्ट्रीय बौद्ध शोध संस्थान के उपाध्यक्ष हरगोविन्द कुशवाहा ने कहा कि जाति, धर्म और मजहब से ऊपर उठकर राष्ट्र की एकता और अखंडता को सर्वोपरि रखना चाहिए। उन्होंने वीरांगना लक्ष्मीबाई के बलिदान और झांसी के योगदान को याद करते हुए काव्य पाठ किया। मुख्य विकास अधिकारी जुनैद अहमद ने कहा कि आज के कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य इतिहास से सीख लेना है। विभाजन हमें यह याद दिलाता है कि एकता ही भारत की असली शक्ति है। सम्मान प्राप्त करते हुए श्रीमती सुरिन्दर कौर चावला ने कहा कि विस्थापन सदैव दुर्भाग्यपूर्ण रहा है, लेकिन आज का सम्मान उन्हें गर्व और भावुकता से भर गया। सरदार गुरजीत सिंह ने भी प्रशासन की सराहना करते हुए कहा कि विभाजन जैसी त्रासदी दोबारा न हो, इसके लिए समाज को संवेदनशील और जागरूक रहना होगा। राजकीय संग्रहालय के उप निदेशक डॉ. मनोज कुमार गौतम ने बताया कि 14 अगस्त 1947 की तिथि इतिहास में कभी भुलाई नहीं जा सकती। एक ओर देश स्वतंत्र हुआ तो दूसरी ओर विभाजन ने लाखों लोगों को बेघर कर दिया। प्रदर्शनी का शुभारंभ जिला पंचायत अध्यक्ष पवन गौतम और उपाध्यक्ष हरगोविन्द कुशवाहा ने किया। इस अवसर पर उपस्थित अतिथियों ने संग्रहालय की गैलरी में स्थापित विभाजन विभीषिका अभिलेखीय प्रदर्शनी का अवलोकन किया। कार्यक्रम में मुख्य विकास अधिकारी जुनैद अहमद, उप निदेशक संग्रहालय मनोज कुमार गौतम, सहायक निदेशक सूचना सुरजीत सिंह, गुरजीत सिंह, अशोक अग्रवाल, प्रदीप तिवारी, श्रीमती अंजली श्रीवास्तव, श्रीमती रिंकी श्रीवास्तव, सोम तिवारी, सुदर्शन सिंह, मनमोहन मनु, मिथलेश कुमार सहित अन्य गणमान्य नागरिक एवं महारानी लक्ष्मीबाई जूनियर हाईस्कूल के छात्र-छात्राएं एवं अध्यापकगण उपस्थित रहे।




