
मुंबई। मुंबई के महत्वाकांक्षी प्रोजेक्ट धर्मवीर स्वराज्य रक्षक छत्रपति संभाजी महाराज सागरी तटीय मार्ग (कोस्टल रोड) को अब एक नई और अनोखी पहचान मिल गई है। मुंबई की यातायात व्यवस्था में अहम भूमिका निभाने वाला यह मार्ग अब देश का पहला “म्यूजिकल रोड” बन गया है। इस अभिनव परियोजना का उद्घाटन बुधवार को मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस की उपस्थिति में अमरसन्स गार्डन के पास किया गया।
उद्घाटन के दौरान मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस का वाहन जब संगीतमय पट्टियों से होकर गुजरा, तो फिल्म ‘स्लमडॉग मिलेनियर’ के लोकप्रिय गीत ‘जय हो’ की धुन सुनाई दी। इस अवसर पर उपमुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे, पूर्व सांसद राहुल शेवाले, मुंबई महानगरपालिका के अतिरिक्त आयुक्त अविनाश ढाकणे तथा हंगरी के काउंसल जनरल फ्रेंक जारी भी उपस्थित थे। मुख्यमंत्री फडणवीस ने मीडिया से बातचीत में कहा कि धर्मवीर स्वराज्य रक्षक छत्रपति संभाजी महाराज सागरी तटीय मार्ग पर दाहिनी लेन से यात्रा करते समय अब यात्रियों को म्यूजिकल रोड का अनोखा अनुभव मिलेगा। यह एक अभिनव और तकनीकी रूप से उन्नत पहल है। हंगरी की अत्याधुनिक तकनीक की मदद से वाहन चालकों और यात्रियों को ‘जय हो’ गीत की प्रसिद्ध धुन सुनने का अवसर मिलेगा। उन्होंने बताया कि पहले चरण में इस मार्ग पर 500 मीटर लंबी विशेष संगीतमय रिब्स (पट्टियां) लगाई गई हैं। इन पट्टियों के बीच तय दूरी और 60 से 70 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से गुजरने वाले वाहन के पहियों के घर्षण से संगीत की ध्वनि उत्पन्न होती है। यह ध्वनि सीधे वाहन के अंदर बैठे यात्रियों को सुनाई देती है, बिना किसी अतिरिक्त उपकरण के। मुख्यमंत्री ने कहा कि अंतरराष्ट्रीय स्तर की आधुनिक तकनीक, भारतीय संस्कृति और संगीत का यह सुंदर संगम देशभर में आकर्षण का केंद्र बनेगा और मुंबई को एक नई वैश्विक पहचान देगा।
संक्षेप में म्यूजिकल रोड की खास बातें
- भारत का पहला म्यूजिकल रोड
- दक्षिण से उत्तर की ओर जाते समय मरीन ड्राइव टनल के बाद म्यूजिकल रोड की शुरुआत
- पहले चरण में पहली लेन पर 500 मीटर तक विशेष पट्टियां
- 60 से 70 किमी प्रति घंटे की गति पर पहियों के घर्षण से संगीत की ध्वनि
- बिना किसी उपकरण के वाहन में फिल्म ‘स्लमडॉग मिलेनियर’ का ‘जय हो’ गीत सुनाई देता है।




