
भिवंडी। भिवंडी नगर पालिका चुनाव प्रचार बुधवार रात उस समय हिंसक हो गया, जब वार्ड नंबर-1 में कोनार्क विकास अघाड़ी (केवीए) की एक अनुमति प्राप्त नुक्कड़ सभा पर कथित तौर पर बीजेपी विधायक महेश चौघुले के समर्थकों ने हमला कर दिया। आरोप है कि हमलावरों ने महिला कार्यकर्ताओं के साथ गाली-गलौज की, उम्मीदवारों को धमकाया और पुलिस की मौजूदगी के बावजूद अफरा-तफरी मचा दी। यह घटना कोंबडपाड़ा स्थित गणपति मंदिर परिसर में हुई, जहां केवीए उम्मीदवार पूर्व मेयर प्रतिभा पाटिल, विलास पाटिल, नेहा काठवाले और एडवोकेट मयूरेश पाटिल के साथ चुनावी सभा कर रहे थे। केवीए कार्यकर्ता सपना भोइर की शिकायत के अनुसार, स्थानीय बीजेपी पदाधिकारी भावेश पाटिल के नेतृत्व में विधायक महेश चौघुले के करीब 10–12 समर्थक सभा में घुस आए और महिला उपस्थित लोगों के साथ अभद्र भाषा का प्रयोग करते हुए धमकियां देने लगे। इससे मौके पर तीखी बहस और तनाव की स्थिति पैदा हो गई। हैरानी की बात यह रही कि मौके पर तैनात पुलिसकर्मी कथित तौर पर स्थिति को तुरंत नियंत्रित नहीं कर पाए। हालात बिगड़ने पर केवीए समर्थकों को 112 नंबर पर कॉल करना पड़ा, जिसके बाद अतिरिक्त पुलिस बल मौके पर पहुंचा और स्थिति को संभाला। घटना के बाद उसी रात प्रतिभा पाटिल और उनके समर्थक तत्काल कार्रवाई की मांग को लेकर निजामपुरा पुलिस स्टेशन पहुंचे। आरोप है कि जब पुलिस ने एफआईआर दर्ज करने में देरी की, तो केवीए कार्यकर्ताओं ने थाने के बाहर धरना दिया, जिसके बाद आखिरकार पुलिस को मामला दर्ज करना पड़ा। सपना भोइर की शिकायत पर पुलिस ने भावेश पाटिल, लक्ष्मण यादव, संजू अडेप, वसीम बंगाली, सचिन राठौड़, अज्ञान खान, मिलिंद गावड़े, अरुण पाल, चेतन पाटिल, अमर कोठा सहित अन्य के खिलाफ गाली-गलौज, धमकी देने और सार्वजनिक शांति भंग करने के आरोप में एफआईआर दर्ज की।वहीं कुछ ही घंटों के भीतर बीजेपी पदाधिकारी भावेश पाटिल ने भी जवाबी शिकायत दर्ज कराई। उन्होंने आरोप लगाया कि रात करीब 8:45 बजे केवीए के नेता और समर्थक उनके घर के बाहर पहुंचे, गाली-गलौज की और जान से मारने व पैर तोड़ने की धमकी दी। इस शिकायत में उन्होंने प्रतिभा पाटिल, विलास पाटिल, नितिन पाटिल, एडवोकेट मयूरेश पाटिल, दिवेश खरेकर, सपना भोइर, कीर्ति पाटिल, राकेश निकम, विशाल निकम और अजय पाटिल की पत्नी का नाम शामिल किया। पुलिस ने दोनों पक्षों की शिकायतों के आधार पर क्रॉस-एफआईआर दर्ज की है, जिससे कुल आरोपियों की संख्या करीब 22 हो गई है। पुलिस मामले की जांच कर रही है। बताया जा रहा है कि इस हिंसक टकराव की जड़ में पुरानी राजनीतिक रंजिश है। वार्ड नंबर-1 में बीजेपी विधायक महेश चौघुले ने केवीए उम्मीदवारों के खिलाफ अपने बेटे मित चौघुले के नेतृत्व में पैनल उतारा है। वहीं पूर्व मेयर विलास पाटिल पहले विधानसभा चुनाव में महेश चौघुले के खिलाफ चुनाव लड़ चुके हैं, जिसके बाद से दोनों गुटों के बीच तनाव बना हुआ है। घटना की कड़ी निंदा करते हुए प्रतिभा पाटिल ने कहा कि राजनीतिक दलों को लोकतांत्रिक तरीके से चुनाव लड़ना चाहिए, न कि गुंडागर्दी के जरिए। उन्होंने आरोप लगाया कि महिलाओं के साथ दुर्व्यवहार किया गया और इसके लिए बीजेपी विधायक जिम्मेदार हैं। साथ ही उन्होंने पुलिस पर भी सत्ताधारी दल के दबाव में काम करने का आरोप लगाया। नगर पालिका चुनाव नजदीक होने के बीच वार्ड नंबर-1 में दर्ज दो एफआईआर ने पूरे इलाके को राजनीतिक हॉटस्पॉट बना दिया है। इस घटना से भिवंडी में चुनाव प्रचार के दौरान कानून-व्यवस्था और महिलाओं की सुरक्षा को लेकर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं।




