
मुंबई। बृहन्मुंबई महानगर पालिका (बीएमसी) की महत्वाकांक्षी गोरेगांव-मुलुंड लिंक रोड परियोजना (जीएमएलआर) से प्रभावित नागरिकों के पुनर्वास के लिए कंजूर (पश्चिम) में आवासीय परियोजना का निर्माण कार्य तेज़ी से जारी है। ‘बृहन्मुंबई प्रोजेक्ट अफेक्टेड पर्सन्स (पीएपी) हाउसिंग प्रोजेक्ट’ के तहत लगभग 10,050 वर्ग मीटर क्षेत्र में सात इमारतों का निर्माण किया जा रहा है, जिनमें कुल 906 फ्लैट्स तैयार किए जा रहे हैं। सोमवार को अभिजीत बांगर, अतिरिक्त नगर आयुक्त (परियोजनाएं), ने निर्माणाधीन आवासीय इकाइयों का निरीक्षण करने के लिए परियोजना स्थल का दौरा किया। इस दौरान उन्होंने फ्लैट्स की आंतरिक संरचना, जल आपूर्ति की गुणवत्ता, स्वच्छता व्यवस्था, बिजली, लिफ्ट, सीढ़ियां तथा अग्नि सुरक्षा उपायों की विस्तृत समीक्षा की और कार्य की प्रगति पर संतोष व्यक्त किया। अधिकारियों के अनुसार सात इमारतों में से दो का निर्माण अंतिम चरण में पहुंच चुका है। बांगर ने निर्देश दिया कि मार्च 2026 के अंत तक 252 परियोजना प्रभावित परिवारों का पुनर्वास सुनिश्चित किया जाए। उन्होंने यह भी निर्देश दिए कि शेष फ्लैट्स का निर्माण निर्धारित समय सीमा में पूरा कर प्रभावित नागरिकों को जल्द से जल्द आवंटित किया जाए। साथ ही परियोजना स्थल पर सभी आवश्यक सुविधाएं उपलब्ध कराने के लिए त्वरित कदम उठाने के आदेश दिए। निरीक्षण के दौरान सिटी इंजीनियर रामचंद्र कदम, चीफ इंजीनियर (ब्रिज) राजेश मुले सहित संबंधित अधिकारी उपस्थित थे।





