
मुंबई। राज्य में कैंसर रोगियों के लिए गुणवत्तापूर्ण और समान उपचार सुनिश्चित करने के उद्देश्य से मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस की अध्यक्षता में महाराष्ट्र सरकार ने “महाराष्ट्र कैंसर देखभाल, अनुसंधान एवं शिक्षा फाउंडेशन” (महाकेयर फाउंडेशन) की स्थापना और एक व्यापक कैंसर सेवा नीति लागू करने का निर्णय लिया है। इस नीति के तहत राज्यभर में 18 अस्पतालों को कैंसर देखभाल केंद्रों के रूप में विकसित किया जाएगा, जिनमें रेडियोथेरेपी, कीमोथेरेपी, निदान, सर्जरी, फिजियोथेरेपी, मनोवैज्ञानिक सहायता, उपशामक देखभाल, अनुसंधान, शिक्षा और जन-जागरूकता गतिविधियाँ संचालित होंगी। इस नीति के तहत कैंसर देखभाल केंद्रों को तीन स्तरों—एल-1, एल-2 और एल-3 में विभाजित किया गया है। टाटा मेमोरियल अस्पताल को एल-1 स्तर पर सर्वोच्च संस्थान के रूप में चिन्हित किया गया है। एल-2 स्तर के केंद्रों में छत्रपति संभाजीनगर, चंद्रपुर, नागपुर, जे.जे. अस्पताल (मुंबई), कोल्हापुर, पुणे (बी.जे. सरकारी मेडिकल कॉलेज), नासिक और अमरावती शामिल हैं। एल-3 स्तर के केंद्रों में अंबाजोगाई, नांदेड़, यवतमाल, मुंबई (कामा और अल्बलेस अस्पताल), सतारा, बारामती, जलगाँव, रत्नागिरी और शिरडी संस्थान अस्पताल शामिल हैं। इन केंद्रों में कैंसर में स्नातकोत्तर और सुपर-स्पेशियलिटी शिक्षा प्रदान की जाएगी। महाकेयर फाउंडेशन के लिए प्रारंभिक पूंजी के रूप में 100 करोड़ रुपये का कोष उपलब्ध कराया जाएगा। इसके साथ ही महात्मा फुले जन आरोग्य योजना के तहत कैंसर अस्पतालों से प्राप्त फीस का 20 प्रतिशत फाउंडेशन को दिया जाएगा। फाउंडेशन नैदानिक परीक्षणों, अंतर्राष्ट्रीय दान, अनुदान, कॉर्पोरेट सामाजिक उत्तरदायित्व और अन्य स्रोतों से धन जुटाएगा। एल-3 स्तर के केंद्रों के उपकरण और मानव संसाधन की खरीद सार्वजनिक-निजी भागीदारी (पीपीपी) नीति के तहत की जाएगी। एल-2 स्तर के केंद्रों के लिए 1,529.38 करोड़ रुपये और एल-3 स्तर के केंद्रों के लिए 147.70 करोड़ रुपये के व्यय प्रावधान को मंजूरी दी गई है। मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस महाकेयर फाउंडेशन के अध्यक्ष होंगे, जबकि उपमुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे और अजित पवार इसके उपाध्यक्ष होंगे। फाउंडेशन के दैनिक प्रबंधन के लिए एक विशेषज्ञ कार्यकारी बोर्ड नियुक्त किया जाएगा जिसमें चिकित्सा शिक्षा एवं औषधि विभाग, स्वास्थ्य विभाग, निजी क्षेत्र और विशेषज्ञ शामिल होंगे।
ICMR और NCDIR की रिपोर्ट के अनुसार, महाराष्ट्र में कैंसर रोगियों की संख्या 2025 में 2020 की तुलना में 11 प्रतिशत बढ़ने की संभावना है। देश में प्रति एक लाख की आबादी पर लगभग 100 कैंसर रोगी पाए जाते हैं। केंद्र सरकार ने बजट 2025-26 में अगले तीन वर्षों में प्रत्येक जिला अस्पताल में डे केयर कैंसर सेंटर स्थापित करने की घोषणा की है, और इसी दिशा में महाराष्ट्र सरकार ने यह नीति बनाई है। इस योजना से राज्य में कैंसर देखभाल में व्यापक सुधार और रोगियों के लिए बेहतर उपचार उपलब्ध कराने की उम्मीद है।




